विदेशी युवक-युवती को सीआईडी ने डिटेन किया: गुरु गोबिंद सिंह जयंती के नगर कीर्तन में शामिल होने पर उठाए सवाल

श्री गंगानगर के रावला मंडी में गुरु गोबिंद सिंह जयंती पर निकले नगर कीर्तन में शामिल हुए दो चेकोस्लोवाकिया मूल के विदेशी युवक-युवती को सीआईडी ने डिटेन कर पुलिस के हवाले किया। भारत-पाकिस्तान सीमा से सटे इस प्रतिबंधित बॉर्डर क्षेत्र में विदेशियों के बिना अनुमति प्रवेश पर रोक है, इसलिए उनसे गहन पूछताछ की जा रही है। प्रारंभिक जांच में कोई संदिग्ध सामग्री नहीं मिली।

Jan 6, 2026 - 12:13
विदेशी युवक-युवती को सीआईडी ने डिटेन किया: गुरु गोबिंद सिंह जयंती के नगर कीर्तन में शामिल होने पर उठाए सवाल

श्री गंगानगर जिले के रावला मंडी क्षेत्र में गुरु गोबिंद सिंह जी की जयंती के अवसर पर आयोजित नगर कीर्तन के दौरान एक विदेशी युवक और युवती को क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट (सीआईडी) ने डिटेन किया है। यह घटना भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे संवेदनशील बॉर्डर एरिया में हुई, जहां विदेशी नागरिकों का बिना विशेष अनुमति के प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित है। सीआईडी की टीम ने दोनों को नगर कीर्तन से अलग कर रावला पुलिस के हवाले कर दिया, जहां उनसे गहन पूछताछ जारी है।

घटना का विवरण रावला मंडी में गुरु गोबिंद सिंह जयंती पर भव्य नगर कीर्तन निकाला गया था। इस धार्मिक जुलूस में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। इसी दौरान सीआईडी को सूचना मिली कि कीर्तन में दो विदेशी चेहरे नजर आ रहे हैं। तत्काल कार्रवाई करते हुए सीआईडी अधिकारियों ने युवक और युवती को कीर्तन से अलग किया और उनकी पहचान जांच की। दोनों को रावला थाने लाया गया, जहां पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया।श्री गंगानगर की एसपी अमृता दुहन ने मीडिया को बताया कि प्रारंभिक पूछताछ में दोनों ने खुद को चेकोस्लोवाकिया (वर्तमान में चेक गणराज्य या स्लोवाकिया के नागरिक) के निवासी बताया है। हालांकि, कुछ रिपोर्ट्स में शुरुआती जानकारी में उन्हें जर्मन बताया गया था, लेकिन बाद की जांच में उनकी राष्ट्रीयता चेकोस्लोवाकिया की पुष्टि हुई। जांच में उनसे किसी प्रकार की संदिग्ध वस्तु या सामग्री बरामद नहीं हुई है। फिर भी, बॉर्डर एरिया होने के कारण पुलिस हर पहलू से सतर्कता बरत रही है।

बॉर्डर एरिया में विदेशियों पर सख्त प्रतिबंध रावला मंडी भारत-पाकिस्तान सीमा पर स्थित एक अत्यंत संवेदनशील क्षेत्र है। यहां किसी भी विदेशी नागरिक को बिना केंद्र सरकार या संबंधित अधिकारियों से पूर्व अनुमति के प्रवेश की अनुमति नहीं है। यह नियम राष्ट्रीय सुरक्षा को ध्यान में रखकर लागू किया गया है, क्योंकि सीमावर्ती इलाकों में जासूसी, तस्करी या अन्य संदिग्ध गतिविधियों का खतरा हमेशा बना रहता है।सूत्रों के अनुसार, यह युवक और युवती रावला क्षेत्र में रह रहे अपने किसी स्थानीय मित्र या परिचित के घर पर ठहरे हुए थे। वे सिख धर्म और गुरु गोबिंद सिंह जी की शिक्षाओं में रुचि रखते थे, इसलिए नगर कीर्तन में शामिल हो गए। लेकिन अनुमति संबंधी दस्तावेजों की कमी और बॉर्डर जोन में उनकी मौजूदगी ने सुरक्षा एजेंसियों का ध्यान खींचा। पुलिस अब उनके भारत आने का उद्देश्य, वीजा विवरण, यात्रा इतिहास और स्थानीय संपर्कों की गहराई से जांच कर रही है।

सुरक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण कदम हाल के वर्षों में श्री गंगानगर और अनूपगढ़ जैसे बॉर्डर जिलों में ड्रग तस्करी, जासूसी और अवैध घुसपैठ की कई घटनाएं सामने आई हैं। ऐसे में किसी विदेशी की बिना अनुमति उपस्थिति को हल्के में नहीं लिया जा सकता। एसपी अमृता दुहन ने कहा कि पूछताछ पूरी होने के बाद ही आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। यदि कोई संदेह नहीं पाया गया, तो उन्हें कानूनी प्रक्रिया के तहत छोड़ा जा सकता है, अन्यथा संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया जाएगा।

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.