तंत्र-मंत्र के नाम पर ठगी का आरोप: भोपे ने 1 लाख लिए, पुलिसकर्मी पर 50 हजार हड़पने का आरोप
एक व्यक्ति ने भोपा द्वारा तंत्र-मंत्र के नाम पर एक लाख रुपये की ठगी का आरोप लगाया है। पीड़ित का कहना है कि आरोपी ने डराकर पैसे लिए और बाद में कोई काम नहीं किया। वहीं पुलिस थाने के एक कॉन्स्टेबल पर भी कार्रवाई के नाम पर रिश्वत लेने और रकम हड़पने के आरोप लगे हैं। मामले में पीड़ित ने उच्च अधिकारियों से निष्पक्ष जांच और सख्त कार्रवाई की मांग की है।
बाड़मेर जिले के सेड़वा क्षेत्र से एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसमें एक व्यक्ति ने तंत्र-मंत्र के नाम पर ठगी और पुलिसकर्मी पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए हैं। पीड़ित भीयाराम पुत्र जगमालराम जाट निवासी पनोरिया ने उच्च अधिकारियों को शिकायत देकर पूरे मामले में कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत के अनुसार, करीब 9-10 महीने पहले भीयाराम के पुत्र टीकमाराम की अचानक मृत्यु हो गई थी, जिससे वह गहरे मानसिक तनाव में थे। इसी दौरान किसी परिचित ने उन्हें ग्राम सिंहानिया के अचलाराम नामक व्यक्ति के पास जाने की सलाह दी, जो खुद को भोपा बताकर तंत्र-मंत्र और झाड़-फूंक करता है।
भीयाराम का आरोप है कि जब वह अचलाराम के पास पहुंचे तो उसने उनके दुख दूर करने के लिए तंत्र-मंत्र की बात कही और इसके लिए करीब एक लाख रुपये की मांग की। साथ ही, उसने डराते हुए कहा कि अगर पैसे नहीं दिए तो परिवार में और दो मौतें हो सकती हैं। भय के चलते भीयाराम ने अपनी पुत्री के सोने-चांदी के गहने गिरवी रखकर किसी तरह एक लाख रुपये की व्यवस्था की और आरोपी को दे दिए।
पीड़ित का कहना है कि पैसे लेने के बाद भी आरोपी ने कोई तंत्र-मंत्र नहीं किया और न ही रकम वापस की। परेशान होकर भीयाराम ने 10 अप्रैल 2026 को पुलिस थाना बाखासर में शिकायत दी। आरोप है कि वहां तैनात कॉन्स्टेबल दिनेश विश्नोई ने कार्रवाई के नाम पर उनसे 5 हजार रुपये लिए।
आगे शिकायत में बताया गया कि 29 अप्रैल 2026 को पुलिस के कहने पर वह और गांव के अन्य लोग आरोपी के घर गए और मंदिर में रखे एक लाख रुपये वापस लिए। इसके बाद कॉन्स्टेबल ने उन्हें थाने बुलाकर पूरी रकम जमा करवाने को कहा और बाद में 50 हजार रुपये देने की बात कही। भीयाराम का आरोप है कि उन्होंने थाने में एक लाख रुपये जमा करवा दिए, लेकिन बाद में उन्हें सिर्फ 50 हजार रुपये देने की बात कही गई, जिसे उन्होंने लेने से मना कर दिया।
पीड़ित का आरोप है कि कॉन्स्टेबल दिनेश विश्नोई ने भोपा अचलाराम के साथ मिलीभगत कर उनके 50 हजार रुपये हड़प लिए और अब मामले में कोई कार्रवाई नहीं कर रहे हैं।
इसके अलावा, शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि अचलाराम भोपा लंबे समय से तंत्र-मंत्र और झाड़-फूंक के नाम पर भोले-भाले लोगों से बड़ी रकम वसूलता है और विरोध करने पर डराने-धमकाने का काम करता है।
भीयाराम ने पुलिस थाना बाखासर पर निष्क्रियता का आरोप लगाते हुए उच्च अधिकारियों से निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
निष्कर्ष:
यह मामला जहां एक ओर अंधविश्वास के नाम पर ठगी की ओर इशारा करता है, वहीं दूसरी ओर पुलिस तंत्र पर भी गंभीर सवाल खड़े करता है। अब देखना होगा कि प्रशासन इस मामले में क्या कार्रवाई करता है और पीड़ित को न्याय मिल पाता है या नहीं।