बाड़मेर जिले के भड़खा गांव में भयानक आग: घर में सोते हुए जिंदा जले दो भाई, तीसरे की हालत गंभीर, जोधपुर रेफर

राजस्थान के बाड़मेर जिले की शिव तहसील के भड़खा गांव में एक दर्दनाक हादसा हुआ, जहां एक घर में आग लगने से तीन भाई सोते समय प्रभावित हुए। दो भाई जिंदा जल गए, जबकि तीसरे की हालत गंभीर बताई जा रही है और उसे जोधपुर के अस्पताल में रेफर कर दिया गया। तीनों भाई एक ही कमरे में सो रहे थे। आग लगने का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है, लेकिन प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट या कोई अन्य तकनीकी खराबी संदेहित की जा रही है। स्थानीय प्रशासन ने शवों का पोस्टमॉर्टम कराया और घायल को तत्काल उपचार उपलब्ध कराया। गांव में शोक की लहर दौड़ गई है, और पुलिस मामले की जांच कर रही है।

Oct 26, 2025 - 11:31
बाड़मेर जिले के भड़खा गांव में भयानक आग: घर में सोते हुए जिंदा जले दो भाई, तीसरे की हालत गंभीर, जोधपुर रेफर

बाड़मेर, 26 अक्टूबर 2025: राजस्थान के बाड़मेर जिले के भड़खा गांव में रात के सन्नाटे को चीरती हुई एक दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके को सदमे में डाल दिया है। एक सामान्य से घर में सो रहे तीन भाइयों को अचानक लगी आग ने दो की जान ले ली, जबकि तीसरे की हालत इतनी नाजुक हो गई कि उसे जोधपुर अस्पताल रेफर करना पड़ा। यह हादसा इतना भयावह था कि तीनों भाई एक ही कमरे में सो रहे थे, और आग की लपटों ने कुछ ही मिनटों में सब कुछ राख कर दिया। स्थानीय लोग इसे एक बड़ी त्रासदी बता रहे हैं, जहां सुरक्षा के अभाव ने एक परिवार को हमेशा के लिए तोड़ दिया।

घटना का विवरण: रात के अंधेरे में मौत का तांडव घटना बाड़मेर जिले के शिव तहसील के भड़खा गांव में रविवार सुबह 5 बजे हुई। गांव के सरपंच ने बताया की भड़खा के जस्तानियों की ढाणी में रहने वाले देवीलाल अपने भाई शंकराराम के घर पर गए हुए थे। शंकराराम का घर देवीलाल के घर रे करीब 100 मीटर दूर था। देवीलाल ने रात को वही खाना खाया और सो गए। उनके साथ बेटा जसराज भी था। जसराज अपने चचेरे भाई अरुण पुत्र शंकराराम ओर राजूराम पुत्र पुरखाराम के साथ अलग कमरे में सो रहे थे। अचानक सुबह 5 बजे  कमरे में धुआं और आग की लपटें फैल गईं।आग इतनी तेजी से फैली कि परिवार के अन्य सदस्यों को भी बचने का मौका नहीं मिला।पड़ोसियों ने जब धुआं देखा, तो उन्होंने तुरंत चिल्लाना शुरू किया और घर के बाहर इकट्ठा हो गए। लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। राजूराम और अरुण  आग की चपेट में आ गए और मौके पर ही जिंदा जल गए। दोनों के शव बुरी तरह से जले हुए थे, जिससे उनकी पहचान भी मुश्किल हो गई। तीसरा भाई जसराज  किसी तरह आग से जूझता हुआ बाहर निकला, लेकिन उसके पूरे शरीर पर गंभीर जलनें हो गईं। स्थानीय स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत बिगड़ती चली गई, और डॉक्टरों ने उसे जोधपुर अस्पताल रेफर कर दिया। वहां आईसीयू में उसका इलाज चल रहा है साथ ही 60 प्रतिशत से अधिक जलनें उसके शरीर पर हैं।

प्रशासन की प्रतिक्रिया: घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन और फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंचे। घटना को लेकर

शोक व्यक्त करते हुए तत्काल राहत के आदेश दिए हैं। मृतक भाइयों के परिवार को सहायता राशि देने का ऐलान किया गया है।पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। आग के सटीक कारण की जांच कर रहे हैं। अगर लापरवाही बरतने वाले बिजली विभाग के अधिकारी जिम्मेदार पाए गए, तो उनके खिलाफ कार्रवाई होगी। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि घरों में फायर सेफ्टी के उपाय अपनाएं, जैसे स्मोक डिटेक्टर लगाना और पुरानी वायरिंग बदलना।

 

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.