बाड़मेर: घटिया सड़क निर्माण मामले में ठेकेदार भवानी सिंह गिरफ्तार, PWD ने सैंपल लिए; फर्म को ब्लैक लिस्ट करने की मांग तेज
बाड़मेर जिले के शिव विधानसभा क्षेत्र में सड़क निर्माण की घटिया गुणवत्ता और ठेकेदार भवानी सिंह द्वारा ग्रामीणों को धमकी देने के वायरल वीडियो के बाद पुलिस ने ठेकेदार को गिरफ्तार कर लिया। पीडब्ल्यूडी ने सैंपल लेकर लैब जांच शुरू की, रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई होगी। विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने माफी मांगी, ग्रामीणों ने फर्म को ब्लैक लिस्ट करने की मांग की।
बाड़मेर जिले की शिव विधानसभा क्षेत्र में सड़क निर्माण की घटिया गुणवत्ता को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। ठेकेदार द्वारा ग्रामीणों को धमकी देने और गालियां देने का वीडियो वायरल होने के बाद प्रशासन और पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। शनिवार को सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) की टीम ने मौके पर पहुंचकर सड़क के सैंपल लिए, जबकि पुलिस ने आरोपी ठेकेदार भवानी सिंह को गिरफ्तार कर लिया। ग्रामीणों ने ठेकेदार की फर्म को ब्लैक लिस्ट करने की मांग की है।
घटना की शुरुआत और वीडियो विवाद यह मामला शिव क्षेत्र में एक सड़क निर्माण से जुड़ा है, जहां ग्रामीणों ने सड़क की खराब गुणवत्ता पर विरोध जताया। आरोप है कि ठेकेदार ने निर्माण में मानकों की अनदेखी की। विरोध के दौरान ठेकेदार भवानी सिंह और ग्रामीणों के बीच तीखी बहस हुई, जो वीडियो में कैद हो गई।वीडियो में ठेकेदार भवानी सिंह शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी को अपना 'भाई' बताते हुए नजर आते हैं। उन्होंने सड़क को अपनी बताते हुए ग्रामीणों को गालियां दीं और जूते मारने तक की धमकी दी। यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद ग्रामीणों और स्थानीय समाज में भारी आक्रोश फैल गया।ग्रामीणों ने शिव मुख्यालय पर पहुंचकर एसडीएम और सीआई को ज्ञापन सौंपा और ठेकेदार के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। शुक्रवार को पूरे दिन प्रदर्शन चला, जिसमें पैदल मार्च भी निकाला गया।
विधायक और ठेकेदार की माफी वीडियो वायरल होने के बाद शिव विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने एक ऑडियो संदेश जारी कर व्यक्तिगत रूप से माफी मांगी। उन्होंने कहा, "इस मामले में मेरा नाम आया है, इस वजह से मैं माफी मांगता हूं।" विधायक ने घटना की निंदा की और कहा कि सड़क निर्माण में गुणवत्ता से कोई समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।बीती रात ठेकेदार भवानी सिंह ने भी ग्रामीणों और समाज से माफी मांग ली। हालांकि, ग्रामीणों के आक्रोश को देखते हुए शिव थाने में उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई थी।
पुलिस की कार्रवाई: ठेकेदार गिरफ्तार ग्रामीणों के प्रदर्शन और आक्रोश को देखते हुए पुलिस ने तुरंत एक्शन लिया। एसपी नरेंद्र सिंह मीना ने बताया कि रामसर डीएसपी मानाराम गर्ग के सुपरविजन में शिव थानाधिकारी सत्यप्रकाश के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई।टीम ने जांच-पड़ताल के बाद आरोपी ठेकेदार भवानी सिंह (43 वर्ष, पुत्र हिंगोल सिंह) को डिटेन किया। पूछताछ के बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस फिलहाल उससे पूछताछ कर रही है। भवानी सिंह मूल रूप से जैसलमेर जिले के झिझिनियाली थाना क्षेत्र के तेजमालता गांव का रहने वाला है, लेकिन वर्तमान में बाड़मेर शहर की इंद्रा कॉलोनी में रह रहा था।
PWD की जांच: सैंपल लिए, रिपोर्ट का इंतजार सड़क की गुणवत्ता पर उठे सवालों के बाद शनिवार को PWD की जांच टीम मौके पर पहुंची। टीम ने करीब ढाई किलोमीटर लंबी सड़क का निरीक्षण किया और सैंपल लिए। मौके पर सड़क की मोटाई (थिकनेस) को नियमानुसार पाया गया।अधीक्षण अभियंता (SE) सुराराम ने बताया कि सैंपल लैब में टेस्ट किए जाएंगे। मुख्य रूप से बिटुमेन (चिपचिपा काला पदार्थ) और एग्रीगेट (बजरी, पत्थर, रेत) का अनुपात जांचा जाएगा। शनिवार को छुट्टी होने के कारण जांच नहीं हो सकी, लेकिन रविवार को लैब खुलवाकर टेस्ट करवाया जाएगा। पूरी रिपोर्ट तैयार कर जारी की जाएगी। लैब रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी, जिसमें फर्म को ब्लैक लिस्ट करने की संभावना भी शामिल है।
ग्रामीणों की मांग ग्रामीणों और स्थानीय समाज ने ठेकेदार का कड़ा विरोध किया है। उनकी मुख्य मांग है कि घटिया निर्माण करने वाली ठेकेदार की फर्म को ब्लैक लिस्ट किया जाए, ताकि भविष्य में ऐसी लापरवाही न हो। वे सड़क के पुनर्निर्माण और दोषियों पर सख्त कार्रवाई चाहते हैं।