राजस्थान की सियासत में तूफान हनुमान बेनीवाल की 'सेना' ने कहा- "हमारा CM तो बेनीवाल ही है, भजनलाल कौन? नाम भी नहीं सुना.
राजस्थान में हनुमान बेनीवाल की RLP की बीकानेर रैली में जबरदस्त जनसैलाब उमड़ा। उनकी 'सेना' (समर्थक) खुलेआम भजनलाल शर्मा को 'पनौती' और 'टाइमपास' बता रही है, जबकि बेनीवाल को 'असली सीएम' मान रही है। बेनीवाल ने सरकार पर भ्रष्टाचार, लापरवाही और SI भर्ती घोटाले के आरोप लगाए। किसान-युवा-36 कौमों का भरोसा बढ़ा, X पर #हनुमान_बेनीवाल ट्रेंडिंग। रैली बदलाव की आहट बन रही है
जयपुर, 29 अक्टूबर 2025: राजस्थान की राजनीति में इन दिनों हनुमान बेनीवाल का नाम एक बार फिर चर्चा का केंद्र बन गया है। राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के संस्थापक और नागौर से सांसद हनुमान बेनीवाल की लोकप्रियता का ग्राफ लगातार ऊपर चढ़ रहा है। खासकर युवाओं, किसानों और 36 कौमों के बीच उनकी 'सेना' का क्रेज देखते ही बनता है। बीकानेर में प्रस्तावित पार्टी की स्थापना दिवस रैली को लेकर जनता का जोश ऐसा उफान मार रहा है कि लोग खुलेआम कह रहे हैं, "हमारा असली सीएम हनुमान बेनीवाल ही है, भजनलाल शर्मा कौन हैं? हमें तो उनका नाम भी याद नहीं!" यह नारा न सिर्फ सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, बल्कि सड़कों पर भी गूंज रहा है। आइए, इस घटना की पूरी सच्चाई और पृष्ठभूमि को विस्तार से समझते हैं।
बेनीवाल की 'सेना' का जबरदस्त क्रेज: बीकानेर रैली बन रही जनाक्रोश का प्रतीक
हनुमान बेनीवाल की RLP ने 29 अक्टूबर को बीकानेर में अपनी स्थापना दिवस पर एक भव्य रैली का आयोजन किया है। यह रैली महज एक राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि राजस्थान की जनता के गुस्से और उम्मीदों का आईना बन चुकी है। बीकानेर पहुंचते ही बेनीवाल का स्वागत देखने लायक था – सिख समुदाय ने उन्हें 101 किलो की विशाल माला पहनाकर सम्मानित किया, तो युवाओं और किसानों की भीड़ ने 'हनुमान बेनीवाल जिंदाबाद' के नारे लगाते हुए उनका स्वागत किया। X (पूर्व ट्विटर) पर #हनुमान_बेनीवाल और #अशुभ_भजनलाल जैसे हैशटैग ट्रेंड कर रहे हैं, जहां हजारों यूजर्स बेनीवाल को 'न्याय का योद्धा' बता रहे हैं।रैली से पहले हनुमानगढ़ में कार्यकर्ताओं के साथ जनसंपर्क अभियान के दौरान भी यही जोश दिखा। RLP के प्रदेश अध्यक्ष विजय सिंह बेनीवाल, केवल काकड़, सुनील चाहर और विनोद झाझड़ा जैसे नेताओं के साथ बेनीवाल ने जनता से सीधा संवाद किया। उन्होंने कहा, "सरकारें दिखावटी वादों में उलझी हैं, लेकिन हम जनता की समस्याओं का समाधान करेंगे।" जनता का जवाब था – "बेनीवाल ही हमारा सीएम!" यह नारा खासकर उन युवाओं के बीच लोकप्रिय हो रहा है, जो भजनलाल शर्मा सरकार से नाराज हैं। एक युवा कार्यकर्ता ने X पर पोस्ट किया, "हनुमान जी की सेना तैयार है, भजनलाल को भूल जाओ!"
भजनलाल शर्मा पर बेनीवाल का तीखा प्रहार: 'पनौती' से 'टाइमपास' तक
हनुमान बेनीवाल का मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा पर हमला कोई नई बात नहीं है, लेकिन बीकानेर रैली के संदर्भ में यह और तीखा हो गया। रैली में बेनीवाल ने कहा, "भजनलाल शर्मा राजस्थान के लिए पनौती साबित हो चुके हैं। उनके सीएम बनने के बाद से आग, विस्फोट और हादसों का सिलसिला थम नहीं रहा। अग्नि देवता भी नाराज हैं!" उन्होंने प्रयागराज महाकुंभ में हुए अग्निकांड को भी सीएम से जोड़ते हुए तंज कसा, "जहां-जहां उनके पैर पड़े, वहां बंटाधार हो गया।"बेनीवाल ने भजनलाल सरकार को 'टाइमपास सरकार' करार देते हुए कहा, "ब्यूरोक्रेट्स असल में राज्य चला रहे हैं, सीएम को खुद पता नहीं कि क्या हो रहा है। भजनलाल थोड़े दिनों के मेहमान हैं।"इसके अलावा, SI भर्ती रद्द न करने के दबाव को लेकर उन्होंने एक मंत्री (केके विश्नोई) पर गंभीर आरोप लगाए।
राजनीतिक संदर्भ: गठबंधन टूटा, लेकिन जनता का भरोसा बढ़ा
2019 में NDA के साथ गठबंधन तोड़ा, फिर भी बेनीवाल की सीटें बढ़ीं। खींवसर उपचुनाव में हार के बाद उन्होंने कहा, "भजनलाल को ऐसे राज नहीं करने देंगे, बड़ा आंदोलन करेंगे।"
अब विधानसभा चुनावों की चर्चा में RLP को 30+ सीटों का दावा हो रहा है। समर्थक कहते हैं, "बेनीवाल कांग्रेस या BJP से ज्यादा मजबूत हैं।
बदलाव की आहट या सियासी ड्रामा?
हनुमान बेनीवाल की 'सेना' का यह क्रेज राजस्थान की सियासत में भूचाल ला सकता है। जहां भजनलाल सरकार पर भ्रष्टाचार और लापरवाही के आरोप लग रहे हैं, वहीं बेनीवाल न्याय की मिसाल पेश कर रहे हैं। क्या यह जनाक्रोश 2028 के विधानसभा चुनावों में RLP को ताकत देगा? समय ही बताएगा, लेकिन एक बात साफ है – राजस्थान की जनता ने बेनीवाल को अपना 'असली सीएम' मान लिया है। रैली के बाद की तस्वीरें और वीडियो X पर धूम मचा रहे हैं, जो बताते हैं कि यह क्रेज असली है, नकली नहीं।