राजस्थान में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल: 65 IAS अफसरों के तबादले, टीना डाबी बनीं टोंक कलेक्टर
राजस्थान सरकार ने देर रात 65 आईएएस अधिकारियों के तबादले कर प्रशासन में बड़ा बदलाव किया है. टीना डाबी को टोंक कलेक्टर बनाया गया है, जबकि जयपुर कलेक्टर डॉ. जितेंद्र सोनी को मुख्यमंत्री सचिवालय में अहम जिम्मेदारी दी गई है.
राजस्थान में मार्च के आखिरी दिन देर रात सरकार ने बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए प्रदेश की नौकरशाही में व्यापक बदलाव कर दिए। सरकार ने एक साथ 65 आईएएस अधिकारियों के तबादले किए हैं, जिससे प्रशासनिक ढांचे में नई हलचल देखने को मिल रही है। इस बदलाव में कई अहम विभागों और जिलों में नए अधिकारियों की नियुक्ति की गई है, जो आने वाले समय में शासन की कार्यप्रणाली को प्रभावित कर सकती है।
सबसे अहम बदलावों में जयपुर जिला कलेक्टर डॉ. जितेंद्र कुमार सोनी का नाम सामने आया है। उन्हें अब मुख्यमंत्री सचिवालय में सचिव मुख्यमंत्री और शासन सचिव, सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। खास बात यह है कि हाल ही में उन्हें साहित्य अकादमी पुरस्कार से सम्मानित किया गया था, जिससे उनकी प्रशासनिक और बौद्धिक पहचान और मजबूत हुई है।
इसी के साथ मुकुल शर्मा को विशिष्ट सचिव मुख्यमंत्री बनाया गया है, जो सरकार के अहम निर्णयों और नीतियों के क्रियान्वयन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
इस फेरबदल में चर्चित आईएएस अधिकारी टीना डाबी का भी ट्रांसफर चर्चा का केंद्र बना हुआ है। उन्हें टोंक जिले का नया कलेक्टर नियुक्त किया गया है। उनके पिछले कार्यकाल को देखते हुए टोंक जिले में प्रशासनिक सुधार और बेहतर कामकाज की उम्मीद जताई जा रही है।
वरिष्ठ आईएएस अधिकारी डॉ. जोगाराम को पंचायतीराज के साथ-साथ राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की जिम्मेदारी दी गई है, जो ग्रामीण विकास और स्वास्थ्य सेवाओं के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण विभाग हैं। वहीं राजन विशाल को जल जीवन मिशन की जिम्मेदारी सौंपी गई है, जो प्रदेश में पेयजल आपूर्ति से जुड़ी एक बड़ी योजना है।
अरविंद कुमार पोसवाल को राजस्थान आवासन मंडल का आयुक्त बनाया गया है, जहां शहरी विकास और आवास योजनाओं को गति देने की जिम्मेदारी होगी।
इस बड़े फेरबदल के तहत प्रदेश के 26 जिलों में नए कलेक्टर लगाए गए हैं। जयपुर में संदेश नायक, टोंक में टीना डाबी, उदयपुर में गौरव अग्रवाल, बीकानेर में निशांत जैन, करौली में अक्षय गोदारा, जोधपुर में आलोक रंजन और जैसलमेर में अनुपमा जोरवाल को जिम्मेदारी दी गई है।
इसके अलावा कई अन्य जिलों में भी बदलाव किए गए हैं, जिनमें बाड़मेर, प्रतापगढ़, सीकर, फलौदी, बारां, श्रीगंगानगर, चित्तौड़गढ़, पाली, सिरोही, बूंदी, नागौर, दौसा, खैरथल-तिजारा, डूंगरपुर और कोटपूतली-बहरोड़ जैसे जिले शामिल हैं।
गौरतलब है कि इससे पहले हाल ही में आईपीएस अधिकारियों के तबादले किए गए थे, जिसके बाद से ही आईएएस अधिकारियों की सूची का इंतजार किया जा रहा था। अब इस बड़े बदलाव के बाद प्रदेश की प्रशासनिक व्यवस्था में नए समीकरण बनते नजर आएंगे।
सरकार के इस कदम को आगामी प्रशासनिक चुनौतियों और योजनाओं को बेहतर तरीके से लागू करने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है। आने वाले समय में इन अधिकारियों के प्रदर्शन पर सभी की नजरें रहेंगी, खासकर उन जिलों में जहां हालात चुनौतीपूर्ण माने जाते हैं।