झुंझुनूं गैंगवार केस: रविंद्र कटेवा और सुनील पांड्या गैंग के तीन सक्रिय सदस्य गिरफ्तार

झुंझुनूं में 12 दिसंबर को हुई गैंगवार के बाद सीकर पुलिस ने रविंद्र कटेवा और सुनील पांड्या गैंग के तीन सक्रिय बदमाशों - अनिल श्योराण, राहुल फगेड़िया और विकास कुमार उर्फ चौटाला - को तारपुरा हवाई पट्टी से गिरफ्तार किया। ये आरोपी भागने की फिराक में थे और इन पर पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। दोनों गैंग्स विवादित जमीनों पर कब्जा, जानलेवा हमला और धमकियां देने जैसे अपराधों में शामिल हैं। पुलिस इनसे गैंगवार में भूमिका की पूछताछ कर रही है।

Dec 17, 2025 - 17:19
झुंझुनूं गैंगवार केस: रविंद्र कटेवा और सुनील पांड्या गैंग के तीन सक्रिय सदस्य गिरफ्तार

राजस्थान के झुंझुनूं जिले में 12 दिसंबर 2025 को हुई खूनी गैंगवार की घटना के बाद पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए रविंद्र कटेवा और सुनील पांड्या गैंग के तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया है। ये तीनों आरोपी गैंगवार के बाद फरार होने की फिराक में थे और भागने की योजना बना रहे थे। सीकर पुलिस को गुप्त सूचना मिली कि ये आरोपी तारपुरा हवाई पट्टी पर मौजूद हैं, जहां से वे संभवतः भागने का इरादा रखते थे। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर उन्हें दबोच लिया।

गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान अनिल श्योराण (29 वर्ष), पुत्र नेमीचंद जाट; राहुल फगेड़िया (26 वर्ष), पुत्र जगदीश सिंह जाट; और विकास कुमार उर्फ चौटाला (26 वर्ष), पुत्र बुद्धराम के रूप में हुई है। थानाधिकारी बुद्धिप्रसाद के अनुसार, इन आरोपियों पर पहले से कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। अनिल श्योराण पर 7, राहुल फगेड़िया पर 6 और विकास कुमार पर 5 मुकदमे दर्ज हैं। ये तीनों रविंद्र कटेवा और सुनील पांड्या गैंग के एक्टिव सदस्य हैं और संगठित अपराधों में शामिल रहे हैं।

गैंगवार की पृष्ठभूमि 12 दिसंबर 2025 को सुबह करीब 9 बजे झुंझुनूं के नवलगढ़ क्षेत्र के खिरोड़ गांव (कैमरी की ढाणी) में दो गैंग्स के बीच भयंकर गोलीबारी हुई थी। इस घटना में हिस्ट्रीशीटर कृष्णकांत उर्फ गोलू स्वामी और सुनील सुंडा की मौत हो गई थी। हमलावरों ने रविंद्र कटेवा को निशाना बनाया था, लेकिन वह बाल-बाल बच गया। गोलीबारी के बाद पीछा करते हुए करीब 3 किलोमीटर दूर तुरकानी जोहड़ी के पास फिर फायरिंग हुई।यह गैंगवार शेखावाटी क्षेत्र में जमीन कब्जाने के विवाद से जुड़ी बताई जा रही है। दोनों गैंग्स – रविंद्र कटेवा और विरोधी पक्ष (जिसमें श्रवण भादवासी गैंग का नाम सामने आया है) – विवादित जमीनों पर अवैध कब्जा करने, जानलेवा हमले करने और धमकियां देने जैसे अपराधों में लिप्त हैं। पहले सुनील पांड्या गैंग श्रवण भादवासी के साथ थी, लेकिन बाद में यह रविंद्र कटेवा गैंग में शामिल हो गई। वर्तमान में पांड्या गैंग कटेवा के साथ सक्रिय है।गैंगवार के बाद सीकर पुलिस ने 15 दिसंबर को भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 111 (संगठित अपराध) के तहत मुकदमा दर्ज किया था। इसी मामले में इन तीन आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। पुलिस इनसे गैंगवार में उनकी भूमिका, हथियारों की सप्लाई और अन्य साथियों के बारे में पूछताछ कर रही है।

गैंग्स की गतिविधियां रविंद्र कटेवा गैंग (RK ग्रुप 0056 के नाम से जाना जाता है) शेखावाटी क्षेत्र में जबरन जमीन कब्जाने, मारपीट और हत्या के प्रयास जैसे मामलों में सक्रिय है। कटेवा खुद कई मामलों में आरोपी रहा है और सोशल मीडिया पर भी सक्रिय रहता है। सुनील पांड्या गैंग का इससे गठजोड़ होने से क्षेत्र में अपराधों की घटनाएं बढ़ी हैं। ये गैंग्स अक्सर विवादित संपत्तियों पर कब्जा करने के लिए हिंसा का सहारा लेते हैं।

 

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.