भारत-पाक बॉर्डर पर सुरक्षा में सेंध: जैसलमेर के रामगढ़ थर्मल पावर प्लांट पर 1 घंटे तक मंडराया रहस्यमयी ड्रोन, जांच में जुटीं एजेंसियां

जैसलमेर के रामगढ़ में गैस थर्मल पावर प्लांट के ऊपर रात 10 से 11 बजे तक एक संदिग्ध ड्रोन मंडराता रहा, जो प्रतिबंधित क्षेत्र में उड़ान भर रहा था। ड्रोन अचानक गायब हो गया। पुलिस, बीएसएफ और खुफिया एजेंसियां जांच में जुटी हैं। सीमा पर तनाव के बीच इसे सुरक्षा चुनौती माना जा रहा है, स्थानीय लोग दहशत में।

Jan 13, 2026 - 11:38
भारत-पाक बॉर्डर पर सुरक्षा में सेंध: जैसलमेर के रामगढ़ थर्मल पावर प्लांट पर 1 घंटे तक मंडराया रहस्यमयी ड्रोन, जांच में जुटीं एजेंसियां

जैसलमेर, 13 जनवरी 2026: भारत-पाकिस्तान सीमा से सटे राजस्थान के जैसलमेर जिले में एक बार फिर सुरक्षा व्यवस्था को चुनौती देने वाली घटना सामने आई है। रामगढ़ क्षेत्र स्थित गैस थर्मल पावर प्लांट के ऊपर रात के समय एक संदिग्ध ड्रोन करीब एक घंटे तक मंडराता रहा। यह घटना ऐसे समय में हुई है जब सीमा पर तनाव का माहौल बना हुआ है और पाकिस्तानी ड्रोन्स की घुसपैठ की कई रिपोर्ट्स पहले ही आ चुकी हैं।

घटना का विवरण

स्थानीय निवासियों और प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, रात करीब 10 बजे थर्मल पावर प्लांट के ऊपर चमकती हुई रोशनी दिखाई दी। यह रोशनी एक ड्रोन की थी, जो लगातार प्लांट और उसके आसपास के इलाके में ऊपर-नीचे घूमता रहा। ड्रोन रात 11 बजे तक आसमान में मंडराता रहा और उसके बाद अचानक गायब हो गया। इस दौरान प्लांट के कर्मचारी और आसपास के ग्रामीण इसे देखकर स्तब्ध रह गए। कई लोगों ने इसे मोबाइल से रिकॉर्ड भी किया, जिसके आधार पर अब जांच चल रही है।

रामगढ़ थाना प्रभारी भूटाराम विश्नोई ने बताया कि मामले की गहन जांच की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि ड्रोन सीमा पार से आया था या किसी स्थानीय व्यक्ति/पर्यटक द्वारा उड़ाया गया। वीडियो फुटेज से ड्रोन की ऊंचाई, लोकेशन और दिशा का आकलन किया जा रहा है। पुलिस ने बीएसएफ (सीमा सुरक्षा बल) और अन्य खुफिया एजेंसियों को भी सूचित कर दिया है, जो इसकी गहराई से जांच कर रही हैं।

प्रशासनिक प्रतिबंध की धज्जियां उड़ाईं

जैसलमेर जिला प्रशासन ने सीमावर्ती इलाके होने और सुरक्षा कारणों से जिले में बिना अनुमति ड्रोन उड़ाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा रखा है। थर्मल पावर प्लांट जैसे संवेदनशील स्थल पर ड्रोन की मौजूदगी को सुरक्षा में बड़ी सेंध माना जा रहा है। थाना प्रभारी ने स्पष्ट किया कि यह पूरी तरह प्रतिबंधित गतिविधि है और मामले को अत्यंत गंभीरता से लिया गया है। यदि यह किसी स्थानीय या पर्यटक की लापरवाही साबित हुई, तो सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

सीमा पर बढ़ता तनाव और ड्रोन घुसपैठ की पृष्ठभूमि

यह घटना ऐसे वक्त में हुई है जब भारत-पाकिस्तान बॉर्डर पर तनाव चरम पर है। कश्मीर, पंजाब और राजस्थान सेक्टर में पाकिस्तानी ड्रोन्स द्वारा घुसपैठ, हथियार ड्रॉप और रेकी की कई घटनाएं रिपोर्ट हुई हैं। जैसलमेर सेक्टर में पहले भी पाकिस्तानी ड्रोन्स को भारतीय सेना ने नष्ट किया है। विशेषज्ञों का मानना है कि थर्मल पावर प्लांट जैसे 'सॉफ्ट टारगेट' (कम सुरक्षित लेकिन सामरिक महत्व वाले) पर ड्रोन की मौजूदगी किसी बड़ी साजिश या रेकी की तैयारी का संकेत हो सकती है। पावर प्लांट न केवल बिजली उत्पादन का केंद्र है, बल्कि क्षेत्र की ऊर्जा सुरक्षा के लिए भी महत्वपूर्ण है।

स्थानीय लोगों में दहशत, पुलिस की अपील

ड्रोन दिखने के बाद ग्रामीणों में दहशत और चिंता का माहौल है। कई लोगों ने कहा कि यदि यह ड्रोन हमले, जासूसी या किसी खतरनाक उद्देश्य से आया था, तो पूरे इलाके के लिए बड़ा खतरा है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे घबराएं नहीं, शांत रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना दें। जांच पूरी होने तक क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी गई है।

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.