जयपुर के सोडाला में नमकीन भंडार में भीषण आग: मैरिज गार्डन भी चपेट में, दमकलकर्मियों ने घंटों की मशक्कत के बाद पाया काबू

जयपुर के सोडाला में अजमेर रोड स्थित बीकानेरी रसगुल्ला नमकीन भंडार में गुरुवार सुबह भीषण आग लग गई। आग ने पास के मैरिज गार्डन को भी चपेट में ले लिया। दमकल की 4 गाड़ियों ने घंटों मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। लाखों-करोड़ों का नुकसान, कोई जनहानि नहीं।

Nov 27, 2025 - 11:48
जयपुर के सोडाला में नमकीन भंडार में भीषण आग: मैरिज गार्डन भी चपेट में, दमकलकर्मियों ने घंटों की मशक्कत के बाद पाया काबू

जयपुर, 27 नवंबर 2025: राजस्थान की राजधानी जयपुर के सोडाला थाना क्षेत्र में आज गुरुवार सुबह एक बड़ा हादसा हो गया। अजमेर रोड पर स्थित प्रसिद्ध 'बीकानेरी रसगुल्ला नमकीन भंडार' में अचानक भीषण आग लग गई, जो इतनी विकराल हो गई कि आस-पास के इलाके में दहशत फैल गई। आग की लपटों ने न केवल नमकीन भंडार को अपनी चपेट में ले लिया, बल्कि पड़ोस में बने एक मैरिज गार्डन को भी अपनी आगोश में जकड़ लिया। दमकलकर्मियों की टीमों ने घंटों की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक दोनों स्थानों पर लाखों-करोड़ों का भारी नुकसान हो चुका था।

घटना का विवरण: सुबह की शांति भंग करने वाली आग घटना आज सुबह करीब 6:30 बजे की बताई जा रही है, जब नमकीन भंडार के कर्मचारी दुकान खोलने की तैयारी कर रहे थे। अचानक स्टोर के अंदरूनी हिस्से से धुआं उठने लगा और देखते ही देखते आग की लपटें बाहर निकल आईं। स्थानीय लोगों के अनुसार, भंडार में रखे हजारों किलो नमकीन, रसगुल्ला और अन्य खाद्य सामग्री के पैकेट्स में लगी आग ने तेजी से पूरे भवन को घेर लिया। भंडार में स्टोर की गई बड़ी मात्रा में तेल, मसाले और पैकेजिंग सामग्री ने आग को और भयानक रूप दे दिया, जिससे धमाके जैसी आवाजें सुनाई दीं।आग की तीव्रता इतनी अधिक थी कि यह हवा के साथ फैल गई और महज 15-20 मिनटों में सटे हुए मैरिज गार्डन तक पहुंच गई। मैरिज गार्डन, जो शादियों और सामाजिक आयोजनों के लिए जाना जाता है, में आग ने स्टेज, डेकोरेशन सामग्री, फर्नीचर और किचन क्षेत्र को भस्म कर दिया। गार्डन के मालिक ने बताया कि आग लगने के समय वहां कोई आयोजन नहीं चल रहा था, लेकिन आस-पास के रिहायशी इलाकों में रहने वाले लोग घबरा गए। "हमने जैसे ही धुआं देखा, तो चिल्लाना शुरू कर दिया, लेकिन आग इतनी तेज थी कि बचाव का कोई रास्ता नहीं बचा," एक प्रत्यक्षदर्शी ने बताया।

दमकल विभाग की तत्परता: 4 दमकल वाहनों की तैनाती सूचना मिलते ही सोडाला थाने की पुलिस और जयपुर के दमकल विभाग ने तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी। घटनास्थल पर चार दमकल वाहनों को भेजा गया, जिनमें 20 से अधिक दमकलकर्मी शामिल थे। आग बुझाने का कार्य करीब दो घंटे से अधिक चला। पहले घंटे में आग को मैरिज गार्डन तक फैलने से रोकने की कोशिश की गई, लेकिन फिर भी काफी नुकसान हो गया। दमकल अधिकारी  ने बताया, "आग का मुख्य कारण शॉर्ट सर्किट या गैस लीक हो सकता है, लेकिन विस्तृत जांच के बाद ही स्पष्ट होगा। सौभाग्य से कोई हताहत नहीं हुआ, क्योंकि घटना सुबह के समय हुई जब दुकानें बंद थीं।"पुलिस ने पूरे इलाके को घेराबंदी कर ली और ट्रैफिक को डायवर्ट कर दिया। अजमेर रोड पर कुछ देर के लिए जाम लग गया, लेकिन दमकलकर्मियों की मेहनत से स्थिति नियंत्रण में आ गई। स्थानीय प्रशासन ने आस-पास के घरों से लोगों को सुरक्षित स्थान पर हटाया, हालांकि कोई घायल होने की खबर नहीं है।

नुकसान का आकलन: लाखों का नुकसान, जांच जारी प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार, नमकीन भंडार को करीब 50 लाख रुपये का नुकसान हुआ है, जिसमें स्टॉक, मशीनरी और भवन क्षति शामिल है। वहीं, मैरिज गार्डन को 30-40 लाख का नुकसान बताए जा रहे हैं। भंडार के मालिक बीकानेरी निवासी हेमंत जोशी ने दुख व्यक्त करते हुए कहा, "यह हमारा पारिवारिक व्यवसाय है, जो दशकों से चल रहा था। सब कुछ राख हो गया।" आग से निकला काला धुआं पूरे सोडाला क्षेत्र में फैल गया, जिससे लोगों को सांस लेने में तकलीफ हुई। पर्यावरण विशेषज्ञों के अनुसार, जलने वाली सामग्री से निकले धातु और रसायनों के कारण हवा प्रदूषित हो सकती है, जिसकी जांच की जा रही है।

जांच और भविष्य की रोकथाम सोडाला थाना प्रभारी इंस्पेक्टर ने बताया कि फॉरेंसिक टीम को बुलाया गया है और आग के कारणों की गहन जांच चल रही है। प्रारंभिक जांच में विद्युत तारों में खराबी या अनधिकृत गैस सिलेंडर के उपयोग का संदेह जताया जा रहा है। जिला कलेक्टर ने प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत राशि देने और व्यवसाय पुनर्वास के लिए सहायता का आश्वासन दिया है। स्थानीय विधायक ने भी घटना पर शोक व्यक्त किया और दमकलकर्मियों की सराहना की।

 

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.