गर्भवती महिला से छेड़छाड़ का आरोपी निकला बड़ा हथियार तस्कर, गिरफ्तारी के बाद खुला चौंकाने वाला नेटवर्क
जयपुर में गर्भवती महिला से छेड़छाड़ के मामले में पकड़ा गया आरोपी अब ऐसे बड़े नेटवर्क से जुड़ा निकला, जिसके खुलासे ने पुलिस को भी चौंका दिया है… जांच अभी जारी है।
जयपुर में गर्भवती महिला से छेड़छाड़ के मामले में पकड़े गए आरोपी राहुल घुरैया को लेकर पुलिस जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे एक के बाद एक चौंकाने वाले खुलासे सामने आ रहे हैं। जिसे शुरू में केवल एक छेड़छाड़ का मामला माना जा रहा था, वह अब एक संगठित अवैध हथियार तस्करी नेटवर्क में बदल गया है।
आरोपी के पास से हथियार बरामद
पुलिस ने आरोपी राहुल घुरैया के कब्जे से एक देसी पिस्टल बरामद की है। इस आधार पर सांगानेर थाने में आर्म्स एक्ट के तहत नया मामला दर्ज किया गया है। जांच में सामने आया कि आरोपी सिर्फ एक वारदात तक सीमित नहीं था, बल्कि अवैध हथियारों की सप्लाई में भी सक्रिय भूमिका निभा रहा था।
सप्लाई नेटवर्क का खुलासा
प्रताप नगर थाना पुलिस की जांच में दो और आरोपियों—ओमप्रकाश उर्फ ओमी बन्ना और राज अहीरवाल उर्फ छोटा राज—को गिरफ्तार किया गया है। इनके पास से भी पिस्टल बरामद हुई है। शुरुआती जांच में यह साफ हुआ है कि राहुल घुरैया का नेटवर्क जयपुर और आसपास के इलाकों में सक्रिय था और वह हथियारों की सप्लाई में मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा था।
कई गंभीर मामलों में पहले से वांछित
डीसीपी (पूर्व) रंजीता शर्मा के अनुसार, राहुल घुरैया मध्यप्रदेश के ग्वालियर जिले के बिजौली का रहने वाला है। उसके खिलाफ पहले से ही आधा दर्जन से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें हत्या का प्रयास, लूट-डकैती और आर्म्स एक्ट जैसे गंभीर अपराध शामिल हैं।
फरारी में बदलता रहा ठिकाना
गिरफ्तारी से बचने के लिए आरोपी लगातार ठिकाने बदलता रहा। वह जयपुर के प्रताप नगर, सांगानेर और मानसरोवर क्षेत्रों में छिपकर रह रहा था। पुलिस को गुमराह करने के लिए वह मध्यप्रदेश के मुरैना क्षेत्र तक पहुंच गया, जहां भी उसने अपनी लोकेशन लगातार बदलकर गिरफ्तारी से बचने की कोशिश की।
शरण देने वाले भी गिरफ्तार
पुलिस ने जांच के दौरान दो और लोगों को गिरफ्तार किया है, जिन्होंने आरोपी को फरारी के दौरान शरण दी थी। इनमें मालवीय नगर निवासी शुभम अग्रवाल और मुहाना निवासी बाबूलाल बराला शामिल हैं।
कोर्ट में आत्मसमर्पण, फिर प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तारी
जानकारी के अनुसार, गिरफ्तारी से बचने के लिए राहुल ने मुरैना कोर्ट में आत्मसमर्पण कर दिया था। लेकिन बाद में पुलिस ने उसे प्रोडक्शन वारंट पर गिरफ्तार कर लिया।
पीड़िता की शिकायत से शुरू हुआ मामला
यह पूरा मामला तब सामने आया जब पीड़िता ने राजकॉप सिटीजन ऐप के माध्यम से शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में कहा गया था कि मालवीय नगर क्षेत्र में एक युवक ने उसके साथ छेड़छाड़ की और विरोध करने पर पत्थर उठाकर धमकाया। इसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गया था।
अब जांच किस दिशा में?
पुलिस का मानना है कि यह मामला केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है। हथियार सप्लाई नेटवर्क के अन्य लिंक की भी जांच की जा रही है। संभावना है कि आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।