बाड़मेर: भाजपा विधायक महंत प्रतापपुरी की धन्यवाद सभा में जाति और धर्म पर टिप्पणियां, मुस्लिम सरपंच से पूछा- कितने साल पहले मुस्लिम बने?

राजस्थान के बाड़मेर जिले में पोकरण से भाजपा विधायक और तारातरा मठ के महंत प्रतापपुरी ने महाबार गांव की धन्यवाद सभा में लोगों से विभिन्न जातियों के आधार पर हाथ उठवाए, फिर सभी से हिंदू पहचान के लिए हाथ उठवाकर राष्ट्रवाद पर जोर दिया। मुस्लिम सरपंच फोटा खान से उन्होंने मजाकिया लहजे में पूछा कि कितने साल पहले मुस्लिम बने हैं, और घर वापसी का संदेश देते हुए कहा कि भारत में पुनर्विचार और सम्मान दोनों मिलते हैं। सभा में हंसी-ठिठोली का माहौल रहा, लेकिन वीडियो वायरल होने के बाद विवाद खड़ा हो गया।

Jan 1, 2026 - 11:33
बाड़मेर: भाजपा विधायक महंत प्रतापपुरी की धन्यवाद सभा में जाति और धर्म पर टिप्पणियां, मुस्लिम सरपंच से पूछा- कितने साल पहले मुस्लिम बने?

राजस्थान के बाड़मेर जिले में पोकरण विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक और तारातरा मठ के महंत प्रतापपुरी ने एक धन्यवाद सभा में जाति और हिंदू पहचान को लेकर विवादास्पद टिप्पणियां कीं। यह घटना महाबार गांव में पंचायती राज पुनर्गठन और सीमांकन के बाद आयोजित धन्यवाद सभा की है, जहां ग्रामीणों और सरपंच ने विधायक को धन्यवाद देने के लिए कार्यक्रम रखा था। सभा में मौजूद लोगों से विधायक ने विभिन्न जातियों के आधार पर हाथ उठवाए, फिर हिंदू पहचान पर जोर दिया और गांव के मुस्लिम सरपंच से उनके धर्म परिवर्तन के बारे में सवाल किया। इस दौरान सभा में हंसी-मजाक का माहौल रहा, लेकिन विधायक की टिप्पणियां सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद चर्चा का विषय बनीं।

सभा की शुरुआत और जाति के आधार पर हाथ उठवाना धन्यवाद सभा में अपने भाषण के दौरान महंत प्रतापपुरी ने कहा कि वे जाजम (बैठने की चादर) पर एक "परीक्षण" करना चाहते हैं, जिससे एक बड़ा संदेश दिया जा सके। उन्होंने सभा में मौजूद लोगों से विभिन्न जातियों के आधार पर हाथ उठवाए:सबसे पहले राजपूत समाज के लोगों से हाथ उठवाए। करीब 15-20 लोगों ने हाथ उठाया। विधायक ने कहा, "क्षत्रियों की पहले भी आवश्यकता थी और अब भी आवश्यकता रहेगी।"फिर जाट समाज से पूछा। केवल एक हाथ उठा, तो विधायक बोले, "एक भी लाख के बराबर है।"इसके बाद मेघवाल समाज, भील समाज, रबारी, जांगिड़, नाई, तेली आदि समाजों के नाम लेकर हाथ उठवाए। उन्होंने कहा, "अपने-अपने समाज के नाम ले लो..."इस प्रक्रिया पर टिप्पणी करते हुए प्रतापपुरी ने कहा कि जिन समाजों के ज्यादा हाथ उठे, उनके चेहरे खिल गए, जबकि कम हाथ उठने पर लोग इधर-उधर देखने लगे। उन्होंने इससे जातिवाद की कमजोरी का संदेश निकाला।

हिंदू पहचान पर जोर: "यही आपकी पहचान है" जातियों के बाद विधायक ने पूछा, "अब हिंदू समाज के कितने लोग यहां आए हैं, हाथ उठाओ।" इस पर सभा में मौजूद सभी लोगों ने हाथ उठा दिए। प्रतापपुरी ने कहा:"यही आपकी पहचान है... यह मत खोना।""इसी प्रकार एक ही जाजम पर बैठे रहे तो हिंदुस्तान को रोकने वाली दुनिया में कोई ताकत नहीं है।""जातिवाद, परिवारवाद, पार्टीवाद से ऊपर उठकर राष्ट्रवाद के साथ खड़े होना होगा।"उन्होंने जोर देकर कहा कि राष्ट्रवाद को मजबूत करने से कोई नहीं रोक पाएगा।

मुस्लिम सरपंच से धर्म परिवर्तन का सवाल सभा में गांव के मुस्लिम सरपंच फोटा खान भी मौजूद थे। विधायक ने उनसे सीधे सवाल किया:"कितनी पीढ़ी पहले आप क्या थे?" और फिर, "कितने साल हुए मुस्लिम बने हुए को?"सभा में किसी ने जवाब दिया, "15 साल हो गए।" इस पर प्रतापपुरी ने कहा:"ये भारत देश है, यहां पुनर्विचार की सुविधा है। यहां वापसी भी होती है और सम्मान भी होता है।"सरपंच हंस पड़े और मजाक में बोले, "ऐसा है तो फिर से विचार करने पड़ेगा।" इस पर पूरी सभा में ठहाके गूंज उठे।

विधायक ने आगे कहा: "सही न्याय करवाना है तो जाट (चौधरी) के पास जाओ, तुरंत न्याय मिलेगा। सरपंच को 15 साल हुए हैं, उससे पहले हिंदू ही था।""मुसलमानों को फिर से विचार करना पड़ेगा। यहां के मुसलमान पुराने मुसलमान नहीं हैं। परिस्थितिवश आतताइयों की तलवार के सामने कन्वर्ट हुए।""वो मुसलमान भी भारत के नागरिक हैं, यहां जन्मे हैं, पुरखे यहां के हैं। वो भी राष्ट्रवाद के लिए खड़े होंगे। भले मुसलमान हों, लेकिन हिंदुस्तान के मुसलमान हैं।""घर वापसी करने वालों को मान-सम्मान मिलता है।"अंत में विधायक ने देश के लिए जी-जान देने का भाव पैदा करने और व्यक्तिवाद, जातिवाद से ऊपर उठकर राष्ट्रवाद अपनाने की अपील की।

घटना का संदर्भ यह धन्यवाद सभा पंचायती राज के पुनर्गठन और गांव सीमांकन के बाद आयोजित की गई थी। महाबार गांव में ग्रामीणों और सरपंच ने विधायक को कार्यों के लिए धन्यवाद देने के उद्देश्य से कार्यक्रम रखा। सभा का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें विधायक की ये टिप्पणियां स्पष्ट सुनाई दे रही हैं।महंत प्रतापपुरी पोकरण से भाजपा विधायक हैं और तारातरा मठ के प्रमुख हैं। वे हिंदू राष्ट्रवाद और घर वापसी जैसे मुद्दों पर सक्रिय रूप से बोलते रहे हैं। इस घटना से जाति और धर्म आधारित राजनीति पर एक बार फिर बहस छिड़ गई है, हालांकि सभा में मौजूद लोग हंसते-मजाक करते नजर आए।

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.