बाड़मेर में भारतमाला हाईवे पर चौकी खोलने का प्रस्ताव: आईजी सत्येंद्र सिंह ने कहा- स्टडी चल रही, तस्करों के ट्रांसपोर्ट रूट का पता लगाएंगे

जोधपुर रेंज के नए आईजी सत्येंद्र सिंह ने बाड़मेर दौरे पर क्राइम मीटिंग ली। भारतमाला हाईवे पर तस्करी रोकने के लिए स्टडी चल रही है, आवश्यकता पड़ने पर चौकी/थाना खोलने का प्रस्ताव सरकार को भेजा जाएगा। ड्रग्स ट्रांसपोर्ट रूट्स का पता लगाकर नशे पर प्रो-एक्टिव कार्रवाई, साइबर ठगी से सावधान रहने की अपील और औद्योगिक विकास में संतुलन बनाए रखने पर जोर दिया।

Mar 8, 2026 - 11:25
बाड़मेर में भारतमाला हाईवे पर चौकी खोलने का प्रस्ताव: आईजी सत्येंद्र सिंह ने कहा- स्टडी चल रही, तस्करों के ट्रांसपोर्ट रूट का पता लगाएंगे

जोधपुर रेंज के नवनियुक्त पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) सत्येंद्र सिंह ने पदभार संभालने के बाद पहली बार बाड़मेर जिले का दौरा किया। शनिवार को उन्होंने यहां पुलिस अधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण क्राइम मीटिंग की और अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे बाड़मेर जिले की मौजूदा स्थिति, अपराध की प्रवृत्तियों तथा कानून-व्यवस्था की समीक्षा की। मीटिंग के बाद मीडिया से बातचीत में आईजी ने कई अहम मुद्दों पर अपनी राय रखी और भविष्य की योजनाओं का खुलासा किया।

भारतमाला हाईवे पर निगरानी बढ़ाने की तैयारी

आईजी सत्येंद्र सिंह ने बताया कि भारतमाला परियोजना के तहत बन रहे हाईवे पर विशेष स्टडी की जा रही है। इस हाईवे के कारण क्षेत्र में आवागमन तेज हुआ है, जिससे तस्करी और अन्य अवैध गतिविधियों के नए रूट बनने की आशंका है। उन्होंने कहा, "हम भारतमाला हाईवे पर स्टडी कर रहे हैं। यदि निगरानी के लिए चौकी या थाने की आवश्यकता महसूस हुई, तो हम सरकार को चौकी या थाना खोलने का औपचारिक प्रस्ताव भेजेंगे।" यह कदम मुख्य रूप से ड्रग्स तस्करी और अन्य अपराधों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है।

ड्रग्स तस्करी पर प्रो-एक्टिव पुलिसिंग का जोर

बाड़मेर जैसे सीमावर्ती जिले में नशे की समस्या, खासकर सिंथेटिक ड्रग्स (जैसे एमडी) की बढ़ती प्रवृत्ति को आईजी ने चिंताजनक बताया। मीटिंग में पुलिस अधिकारियों को विशेष निर्देश दिए गए कि नशे के प्रचलन को रोकने के लिए सक्रिय (प्रो-एक्टिव) पुलिसिंग अपनाई जाए। आईजी ने कहा, "ड्रग्स को रोकने के लिए फैक्ट्री का पता लगाना, उन्हें पकड़ना और ट्रांसपोर्ट रूट का पता लगाना जरूरी है। जिससे कैमिकल या ड्रग्स यहां तक न पहुंच सकें।" इसके अलावा, लोगों में जागरूकता फैलाने के लिए अन्य एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित करने पर जोर दिया। उन्होंने आश्वासन दिया कि जागरूकता अभियानों के माध्यम से इस क्षेत्र में सफलता हासिल की जाएगी।

साइबर ठगी से सावधान रहने की अपील

आईजी ने साइबर अपराधों पर भी ध्यान दिलाया और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि "साइबर अरेस्ट" जैसी कोई कानूनी प्रक्रिया नहीं है। कोई भी व्यक्ति वीडियो कॉल या सोशल मीडिया के माध्यम से किसी को अरेस्ट नहीं कर सकता, क्योंकि ऐसा कोई कानून में प्रावधान नहीं है। आईजी ने कहा, "सोशल मीडिया पर कोई लिंक खोलने से पहले उसे अच्छी तरह चेक कर लें। यदि ऐसा कोई कॉल आता है, तो सजग रहें और पुलिस को सूचित करें।" यह बयान हाल के दिनों में बढ़ रही साइबर ठगी की घटनाओं के संदर्भ में काफी महत्वपूर्ण है।

औद्योगिक विकास में संतुलन और प्रतिस्पर्धा से बचाव

बाड़मेर जिला अंतरराष्ट्रीय बॉर्डर से लगा होने के कारण रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है। यहां राष्ट्रीय स्तर की कई औद्योगिक इकाइयां स्थापित हो रही हैं और नए सड़क मार्गों से विकास की रफ्तार तेज हुई है। आईजी ने कहा कि इस विकास को बनाए रखते हुए आपसी प्रतिस्पर्धा से बचना होगा। उन्होंने जोर दिया कि "उद्योगों में किसी के बीच प्रतिस्पर्धा नहीं होनी चाहिए। बैलेंस बनाए रखने और नियंत्रण की आवश्यकता है।" मीटिंग में नशे के बढ़ते खतरे को रोकने के लिए सभी को विशेष निर्देश दिए गए।

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.