अलवर में पड़ोसी ने कट्टे की नोक पर 29 वर्षीय महिला से किया रेप: ब्लैकमेल और लगातार उत्पीड़न से पीड़िता आत्महत्या को मजबूर
राजस्थान के अलवर में 29 वर्षीय विवाहित महिला के साथ पड़ोसी ने 12 मार्च को कट्टे की नोक पर जबरन दुष्कर्म किया। पति के नौकरी पर जाने और बच्चों के स्कूल जाने के बाद आरोपी घर में घुसा, महिला को कमरे में बंद कर मुंह बांधा और जान से मारने की धमकी देकर रेप किया। आरोपी पहले भी कई बार ऐसा कर चुका था, अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करता था। आरोपी का भाई भी इसी तरह उत्पीड़न करता है। पीड़िता लगातार धमकियों से टूट चुकी है और आत्महत्या करने को मजबूर महसूस कर रही है। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू की है।
राजस्थान के अलवर जिले में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां एक 29 वर्षीय विवाहित महिला के साथ उसके पड़ोसी ने देशी कट्टे (पिस्तौल) की नोक पर जबरन दुष्कर्म किया। यह वारदात 12 मार्च को सुबह करीब 10:30 बजे हुई, जब महिला का पति नौकरी के लिए घर से जा चुका था और बच्चे स्कूल पहुंच चुके थे। पीड़िता ने पुलिस को दी अपनी शिकायत में बताया कि आरोपी ने जबरदस्ती उसके घर में घुसकर उसे एक कमरे में बंद कर दिया, मुंह बांध दिया और जान से मारने की धमकी देकर उसके साथ बलात्कार किया।
पीड़िता का आरोप है कि यह पहली बार नहीं था। आरोपी पहले भी घर के काम के बहाने उसके घर आता-जाता था और पहले भी उसके साथ दुष्कर्म कर चुका है। उस दौरान उसने महिला के अश्लील वीडियो बना लिए थे, जिनके आधार पर वह उसे लगातार ब्लैकमेल करता रहा। वीडियो वायरल करने की धमकी देकर वह बार-बार उसके साथ जबरदस्ती करता रहा।
महिला ने यह भी गंभीर आरोप लगाया कि आरोपी का भाई भी इसी तरह उसके साथ जबरन दुष्कर्म करता है। दोनों भाइयों ने मिलकर उसका जीवन नर्क बना दिया है। आरोपी जहां भी महिला जाती है, उसका पीछा करता है और हमेशा देशी कट्टा साथ रखता है। लगातार मिल रही धमकियों, उत्पीड़न और ब्लैकमेल से पीड़िता मानसिक रूप से पूरी तरह टूट चुकी है। उसने पुलिस को बताया कि अब वह आत्महत्या करने तक को मजबूर हो रही है, क्योंकि उसका जीना मुश्किल हो गया है।
पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर मामला दर्ज कर लिया है। थाना प्रभारी (SHO) ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज होने के बाद आरोपी की तलाश शुरू कर दी गई है। पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है और आरोपी को जल्द गिरफ्तार करने के प्रयास जारी हैं।
यह घटना एक बार फिर महिलाओं की सुरक्षा और पड़ोस में छिपे खतरों पर गंभीर सवाल खड़े करती है। ऐसी घटनाओं में पीड़िताओं को तुरंत न्याय और मनोवैज्ञानिक सहायता की आवश्यकता होती है, ताकि वे आगे की जिंदगी में इस सदमे से उबर सकें। पुलिस को उम्मीद है कि जांच में सभी तथ्य सामने आएंगे और दोषियों को सख्त सजा मिलेगी।