झुंझुनूं में रिटायर्ड फौजी की चाकू मारकर हत्या: कहासुनी के बाद युवक ने किए 3 वार, विरोध में हाईवे जाम; आरोपी के घर पर चला बुलडोजर
झुंझुनूं के बामनवास गांव में रिटायर्ड फौजी उदयवीर सिंह की कहासुनी के बाद युवक ने चाकू मारकर हत्या कर दी। घटना के विरोध में ग्रामीणों ने नेशनल हाईवे जाम कर मुआवजे और आरोपी की गिरफ्तारी की मांग की। प्रशासन ने आरोपी के घर पर बुलडोजर कार्रवाई की और भारी पुलिस बल तैनात कर स्थिति को नियंत्रित किया।
राजस्थान के झुंझुनूं जिले के चिड़ावा थाना क्षेत्र के बामनवास गांव में रविवार रात एक रिटायर्ड फौजी की चाकू मारकर हत्या कर दी गई। मामूली कहासुनी ने देखते ही देखते हिंसक रूप ले लिया और आरोपी युवक ने फौजी के पेट में लगातार तीन वार कर दिए। घायल हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
मृतक की पहचान 50 वर्षीय उदयवीर सिंह के रूप में हुई है, जो भारतीय सेना में हवलदार पद से वर्ष 2011 में रिटायर हुए थे। रिटायरमेंट के बाद वे गांव में पशु आहार की दुकान चलाकर परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे। घटना के समय वे रात करीब 8:30 बजे अपने खेत स्थित घर से दुकान की ओर जा रहे थे।
बताया जा रहा है कि दुकान से करीब 100 मीटर पहले गांव के ही युवक अकरम से उनकी मुलाकात हुई। दोनों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। विवाद इतना बढ़ गया कि अकरम घर से चाकू लाया और उदयवीर के पेट में तीन बार वार कर दिया। वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया।घटना की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और गंभीर रूप से घायल उदयवीर को चिड़ावा के निजी अस्पताल ले जाया गया। वहां से उन्हें उपजिला अस्पताल रेफर किया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
हत्या की खबर फैलते ही गांव में आक्रोश फैल गया। सोमवार सुबह ग्रामीणों ने बामनवास से करीब 3 किलोमीटर दूर लाखू के पास दिल्ली-बीकानेर नेशनल हाईवे-11 को जाम कर दिया। इससे हाईवे पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात पूरी तरह प्रभावित हो गया।ग्रामीणों ने मृतक के परिवार को एक करोड़ रुपए का मुआवजा, बेटे को सरकारी नौकरी, आरोपी की जल्द गिरफ्तारी और गोचर भूमि से अवैध कब्जा हटाने की मांग रखी। साथ ही कलेक्टर और एसपी को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े रहे।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने गांव में भारी पुलिस बल तैनात किया। करीब 9 थानों की पुलिस और आरएसी के जवान मौके पर मौजूद रहे। अधिकारियों और ग्रामीणों के बीच बातचीत के बाद दोपहर करीब 3:30 बजे सहमति बनी और धरना समाप्त कर दिया गया।इसी बीच प्रशासन ने कड़ा कदम उठाते हुए दोपहर करीब 3:45 बजे आरोपी अकरम के घर पर बुलडोजर कार्रवाई की। अवैध निर्माण को गिरा दिया गया। इस दौरान भारी पुलिस जाब्ता तैनात रहा।परिवार की बात करें तो उदयवीर सिंह की पत्नी गृहिणी हैं। उनका बेटा दिनेश दिल्ली में निजी नौकरी करता है, जबकि दोनों बेटियां जयपुर में नर्सिंग की पढ़ाई कर रही हैं।