बाड़मेर के चौहटन में 108 एंबुलेंस में गूंजी किलकारी : बीच रास्ते में मां ने बेटे को जन्म दिया

बाड़मेर के चौहटन से बाड़मेर रेफर की गई 22 वर्षीय गीता देवी ने रास्ते में ही 108 एंबुलेंस में स्वस्थ बेटे को जन्म दिया। EMT सुखदेव गंगुली और पायलट गोर्धन राम की सूझबूझ से मां-बच्चा दोनों सुरक्षित हैं।

Dec 11, 2025 - 17:18
बाड़मेर के चौहटन में 108 एंबुलेंस में गूंजी किलकारी : बीच रास्ते में मां ने बेटे को जन्म दिया

बाड़मेर, 11 दिसंबर 2025। राजस्थान के बाड़मेर जिले के चौहटन क्षेत्र में उस वक्त खुशी की लहर दौड़ गई, जब एक गर्भवती महिला को डिलीवरी के लिए अस्पताल रेफर किया गया था, लेकिन वह अस्पताल पहुंचने से पहले ही 108 एंबुलेंस में एक स्वस्थ बेटे को जन्म दे दिया। यह घटना एमरजेंसी के दौरान घटी, जब समय बहुत कम था और मां-बच्चे दोनों की जान को खतरा हो सकता था।घटना चौहटन उपखंड की है। 22 वर्षीय गीता देवी पत्नी लजपत (निवासी चौहटन क्षेत्र) को प्रसव पीड़ा शुरू होने पर तुरंत चौहटन के सरकारी अस्पताल लाया गया। डॉक्टरों ने स्थिति को गंभीर मानते हुए तुरंत बाड़मेर या जोधपुर के बड़े अस्पताल में रेफर कर दिया। समय नहीं था, इसलिए 108 एंबुलेंस को तत्काल बुलाया गया।

एंबुलेंस में मौजूद टीम ने बेहतरीन सूझबूझ दिखाई :EMT (इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन) : सुखदेव गंगुली ,पायलट (ड्राइवर) : गोर्धन राम, चौहटन से बाड़मेर की ओर जाते समय रास्ते में ही गीता देवी की प्रसव पीड़ा असहनीय हो गई। एंबुलेंस अभी आधे रास्ते से भी कम दूरी तय कर पाई थी कि अचानक डिलीवरी शुरू हो गई। EMT सुखदेव गंगुली ने तुरंत एंबुलेंस में ही सभी जरूरी मेडिकल प्रक्रिया शुरू कर दी। सीमित संसाधनों और चलती एंबुलेंस के बावजूद उन्होंने पूरी सूझबूझ से डिलीवरी करवाई।कुछ ही मिनटों में 108 एंबुलेंस के अंदर किलकारी गूंज उठी। मां गीता देवी ने एक स्वस्थ बेटे को जन्म दिया। नवजात और मां दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं। एंबुलेंस जैसे ही बाड़मेर के सरकारी अस्पताल पहुंची, डॉक्टरों ने दोनों को भर्ती कर लिया और सभी जरूरी जांच की।

इस घटना ने एक बार फिर 108 एंबुलेंस सेवा की तारीफ करवाई है। ग्रामीण क्षेत्रों में जहां बड़े अस्पताल दूर होते हैं, वहां 108 कर्मियों की तत्परता कई जिंदगियां बचा रही है। EMT सुखदेव गंगुली और पायलट गोर्धन राम को इलाके के लोगों ने दिल से धन्यवाद कहा है।गीता देवी के परिजनों ने बताया कि “समय पर 108 एंबुलेंस नहीं आती तो शायद कुछ अनहोनी हो जाती। बीच रास्ते में ही भगवान ने बच्चे को जन्म दिया और एंबुलेंस कर्मियों ने मां-बच्चे दोनों को बचा लिया।”

 

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.