कांग्रेस ऑफिस के लिए आवंटित जमीन पर विवाद तेज, सीमांकन टीम को पट्टे और मौके पर मिला बड़ा अंतर

बाड़मेर सर्किट हाउस के पास कांग्रेस पार्टी को ऑफिस बनाने के लिए नगर परिषद द्वारा 1999 वर्ग मीटर जमीन आवंटित की गई थी। लेकिन पट्टे और मौके पर जमीन के आकार में अंतर आने तथा ग्रामीणों के निजी दावे के कारण विवाद खड़ा हो गया। कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मण सिंह गोदारा ने भूमाफिया और अधिकारियों पर मिलीभगत का आरोप लगाते हुए आवंटित जमीन पर टेंट लगाकर धरना शुरू कर दिया है। राजस्व टीम ने मौका निरीक्षण किया, लेकिन सही सीमांकन नहीं हो पाया। कांग्रेस मांग कर रही है कि प्रशासन स्थिति स्पष्ट करे और बाउंड्री बनाने की अनुमति दे, जबकि भाजपा ने पहले ही अपनी जमीन पर भवन बना लिया है। मामले की जांच जारी है।

Apr 8, 2026 - 18:00
कांग्रेस ऑफिस के लिए आवंटित जमीन पर विवाद तेज, सीमांकन टीम को पट्टे और मौके पर मिला बड़ा अंतर

बारमेर। बाड़मेर सर्किट हाउस के पास कांग्रेस पार्टी को ऑफिस बनाने के लिए आवंटित की गई जमीन को लेकर विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। ग्रामीणों का दावा है कि यह जमीन उनकी निजी है और उनके पास पुराने सेटलमेंट के कागजात मौजूद हैं, जबकि कांग्रेस कार्यकर्ता कह रहे हैं कि नगर परिषद ने उन्हें सालों पहले 1999 वर्ग मीटर का पट्टा जारी कर दिया था, इसलिए अब प्रशासन को इस जमीन की सही पैमाइश कराकर स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।

पट्टा 1999 वर्ग मीटर का, लेकिन मौके पर स्थिति अलग

नगर परिषद बाड़मेर ने कांग्रेस को 1999 वर्ग मीटर जमीन का पट्टा दिया था। लेकिन जब टीम मौके पर पहुंची तो पट्टे में बताई गई जमीन और वास्तविक स्थिति में काफी अंतर नजर आया। सीमांकन के दौरान सही सीमाएं तय नहीं हो पाईं, जिसके कारण राजस्व टीम ने अब इसकी गहन जांच शुरू कर दी है।

ग्रामीणों का दावा और कांग्रेस का विरोध

स्थानीय ग्रामीण लगातार दावा कर रहे हैं कि यह जमीन उनके पुराने कब्जे वाली है और उनके पास संबंधित दस्तावेज भी हैं। वहीं कांग्रेस का कहना है कि जब प्रशासन ने पट्टा दे दिया है तो अब उन्हें बाउंड्री बनाने और आगे निर्माण कार्य करने की अनुमति दी जाए।

कांग्रेस जिलाध्यक्ष का आरोप- भूमाफिया और अधिकारी मिले हुए

मंगलवार को बाड़मेर तहसीलदार हुक्मीचंद के निर्देश पर राजस्व निरीक्षक सुमेरदान और पटवारी रामाराम की टीम ने मौका निरीक्षण किया। लेकिन टीम सही सीमांकन नहीं कर पाई और जांच जारी रखी।इसके बाद बुधवार को कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मणसिंह गोदारा के नेतृत्व में पार्टी के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने आवंटित जमीन पर टेंट लगाकर धरना शुरू कर दिया।

लक्ष्मणसिंह गोदारा ने कहा,“साल 2022 में कांग्रेस और भाजपा को अलग-अलग जगहों पर जमीन अलॉट हुई थी। भाजपा ने अपनी जमीन पर बिल्डिंग बना ली, लेकिन कांग्रेस को बार-बार परेशान किया जा रहा है। हमने कलेक्टर, एडीएम और आयुक्त से मुलाकात की थी, उन्होंने बाउंड्री बनाने की अनुमति दी थी, फिर भी काम रुकवाया जा रहा है।”

उन्होंने आगे आरोप लगाया कि भूमाफिया और नगर परिषद के कुछ अधिकारी मिलकर कांग्रेस को परेशान कर रहे हैं। गोदारा ने कहा, “प्रशासन के पास कोई तथ्यात्मक आधार नहीं है। हम अपनी पट्टे वाली जमीन पर हैं, फिर भी हमें धमकाया जा रहा है। प्रशासन को तुरंत स्थिति क्लियर करनी चाहिए और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए।”

कांग्रेस का धरना जारी

वर्तमान में कांग्रेस कार्यकर्ता आवंटित जमीन पर टेंट लगाकर धरने पर बैठे हुए हैं और मांग कर रहे हैं कि उन्हें बाउंड्री बनाने की अनुमति दी जाए। भवन निर्माण की मंजूरी मिलने पर वे आगे का निर्माण कार्य शुरू करेंगे।

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.