राजस्थान में समय से पहले गर्मी का कहर: जैसलमेर में पारा 38 डिग्री पहुंचा, पश्चिमी जिलों में जारी हीटवेव का यलो अलर्ट
राजस्थान में मार्च की शुरुआत में ही तेज गर्मी पड़ रही है। जैसलमेर और चित्तौड़गढ़ में अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया, जो सामान्य से 5-9 डिग्री अधिक है। मौसम विभाग ने पश्चिमी राजस्थान (जैसे बाड़मेर, जैसलमेर) में 9-10 मार्च के लिए हीटवेव का यलो अलर्ट जारी किया है। अरब सागर में एंटी-साइक्लोन के कारण समय से पहले गर्मी शुरू हुई है, अगले सप्ताह तापमान और बढ़ सकता है। रात में तापमान गिरावट से कुछ राहत मिल रही है।
राजस्थान में मार्च के शुरुआती दिनों में ही गर्मी ने अपना तेवर दिखाना शुरू कर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार, राज्य में सामान्य से 4 से 9 डिग्री सेल्सियस तक अधिक तापमान दर्ज हो रहा है, जिससे लोगों को झुलसाने वाली गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। शुक्रवार को जैसलमेर और चित्तौड़गढ़ में अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो इस मौसम में काफी असामान्य है।
तापमान में तेज उछाल और सामान्य से कितना अधिक?
राज्य के विभिन्न हिस्सों में तापमान सामान्य से काफी ऊपर दर्ज किया गया: श्रीगंगानगर: सामान्य से 9.4 डिग्री अधिक,जैसलमेर: सामान्य से 7.5 डिग्री अधिक,चूरू: सामान्य से 7.3 डिग्री अधिक,जयपुर: सामान्य से 6.7 डिग्री अधिक,बीकानेर: सामान्य से 6.9 डिग्री अधिक,जोधपुर और कोटा: सामान्य से 4.9 डिग्री अधिक,अजमेर: सामान्य से 5.6 डिग्री अधिक,बाड़मेर: सामान्य से 5.1 डिग्री अधिक
पश्चिमी राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों में गर्मी सबसे अधिक प्रभावी है, जहां पारा 35-38 डिग्री के बीच पहुंच रहा है। कई शहरों में दिन का तापमान 35 डिग्री से ऊपर दर्ज हुआ, और आने वाले दिनों में यह और बढ़ने की संभावना है।
हीटवेव अलर्ट: 9 और 10 मार्च को यलो वार्निंग
मौसम विभाग ने पश्चिमी राजस्थान में तेज हीटवेव (लू) चलने की चेतावनी जारी की है। विशेष रूप से 9 और 10 मार्च को यलो अलर्ट जारी किया गया है, जिसमें बाड़मेर, जैसलमेर, बालोतरा, जोधपुर और आसपास के इलाकों में हीटवेव की स्थिति बन सकती है। अगले एक सप्ताह तक मौसम साफ रहेगा, आसमान में बादल नहीं छाएंगे और तेज धूप के कारण गर्मी और बढ़ेगी। कुछ इलाकों में तापमान 40 डिग्री के करीब पहुंच सकता है।
गर्मी बढ़ने का कारण
मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक, अरब सागर में सक्रिय एंटी-साइक्लोन सिस्टम इसका मुख्य कारण है। यह सिस्टम लंबे समय से एक्टिव है, जिससे राजस्थान के अलावा गुजरात, हरियाणा और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों में भी समय से पहले गर्मी शुरू हो गई है। इस वजह से मार्च में ही अप्रैल-मई जैसी गर्मी महसूस हो रही है।
रात में मिलती है कुछ राहत
दिन की झुलसाने वाली गर्मी के विपरीत, रात में तापमान में गिरावट आ रही है, जिससे लोगों को ठंडक मिल रही है। शुक्रवार को कोटा, जयपुर और फलोदी को छोड़कर अधिकांश शहरों में न्यूनतम तापमान 20 डिग्री से नीचे रहा। सबसे कम न्यूनतम तापमान फतेहपुर में 10.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ।सिरोही, उदयपुर, चित्तौड़गढ़, भीलवाड़ा, अलवर, करौली और दौसा जैसे जिलों में न्यूनतम तापमान 15 डिग्री से भी नीचे रहा, जिससे सुबह-शाम मौसम सुहावना बना हुआ है।
सावधानियां और सलाह
मौसम विभाग ने लोगों से अपील की है कि दोपहर के समय बाहर निकलने से बचें, खूब पानी पिएं, हल्के कपड़े पहनें और धूप में निकलते समय छाता या टोपी का इस्तेमाल करें। डिहाइड्रेशन और हीटस्ट्रोक से बचाव के लिए विशेष सतर्कता बरतें।