बंध बारैठा वन्यजीव अभयारण्य में वनकर्मियों पर हमले का मुख्य आरोपी खनन माफिया गिरफ्तार
राजस्थान के बयाना स्थित बंध बारैठा वन्यजीव अभयारण्य में अवैध सैंडस्टोन खनन रोकने की कोशिश कर रही वन विभाग और बॉर्डर होमगार्ड की टीम पर 12 दिसंबर की रात खनन माफिया ने पथराव किया, सरकारी वाहन में तोड़फोड़ की और राइफल छीनने की कोशिश की। मुख्य आरोपी बबलू उर्फ बॉली गुर्जर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य आरोपी फरार हैं।
राजस्थान के भरतपुर जिले के बयाना क्षेत्र में स्थित बंध बारैठा वन्यजीव अभयारण्य एक महत्वपूर्ण संरक्षित क्षेत्र है, जो पक्षियों और वन्यजीवों की विविधता के लिए प्रसिद्ध है। यह अभयारण्य काकुंद नदी पर बने बांध के आसपास फैला हुआ है और सैंडस्टोन (रेत पत्थर) की पहाड़ियों से घिरा हुआ है। हालांकि, पिछले कुछ वर्षों से यहां अवैध खनन की समस्या गंभीर रूप ले चुकी है, जिसके कारण पर्यावरण को नुकसान पहुंच रहा है और वन विभाग की टीमों पर हमलों की घटनाएं बढ़ रही हैं।
घटना का विवरण 12 दिसंबर 2025 की रात करीब 8:30 बजे की यह घटना कोट पुलिया क्षेत्र में हुई। वन विभाग और बॉर्डर सिक्योरिटी होमगार्ड (बीएसएचजी) की संयुक्त टीम अवैध खनन और परिवहन को रोकने के लिए नाकाबंदी कर रही थी। तभी परौआ गांव की ओर से सैंडस्टोन के ब्लॉकों से लदी 4-5 ट्रैक्टर-ट्रॉलियां आती दिखीं। टीम ने इन वाहनों को जांच के लिए रोकने का प्रयास किया, लेकिन तभी आरोपी बबलू उर्फ बॉली गुर्जर (28 वर्ष, परौआ गांव निवासी), सूरज गुर्जर और बंटी गुर्जर अपने 8-10 साथियों के साथ मौके पर पहुंच गए। हमलावरों ने अचानक टीम पर पथराव शुरू कर दिया। इस दौरान:वन विभाग की सरकारी गाड़ी में तोड़फोड़ की गई।अस्थायी चौकी पर लगे टेंट को फाड़ दिया गया।सबसे गंभीर बात यह कि खनन माफियाओं ने बॉर्डर सिक्योरिटी होमगार्ड के एक जवान से उसकी सरकारी एसएलआर राइफल छीनने की कोशिश की, जो स्थिति को और अधिक खतरनाक बना सकती थी।यह हमला न केवल वनकर्मियों की सुरक्षा पर सवाल उठाता है, बल्कि अवैध खनन माफिया के बढ़ते हौसलों को भी दर्शाता है।
मामला दर्ज और गिरफ्तारी कोट नाका प्रभारी फॉरेस्टर भगवान सिंह ने घटना की रिपोर्ट गढ़ी बाजना थाने में दर्ज कराई। रिपोर्ट के आधार पर आरोपियों के खिलाफ गंभीर धाराएं लगाई गईं, जिनमें शामिल हैं:वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के उल्लंघन।राजकार्य में बाधा डालना।सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाना।अन्य संबंधित आपराधिक धाराएं।गढ़ी बाजना थाना एसएचओ श्यामलाल मीना के नेतृत्व में जांच शुरू हुई। गुरुवार (18 दिसंबर 2025) को मुख्य आरोपी बबलू उर्फ बॉली गुर्जर को गिरफ्तार कर लिया गया। उसे जल्द ही न्यायालय में पेश किया जाएगा। पुलिस की टीमें अन्य फरार आरोपियों की तलाश में लगातार छापेमारी कर रही हैं।
पृष्ठभूमि: अभयारण्य में अवैध खनन की बढ़ती समस्या बंध बारैठा अभयारण्य में सैंडस्टोन की भरपूर उपलब्धता के कारण अवैध खनन लंबे समय से चल रहा है। इससे न केवल वन्यजीवों का आवास नष्ट हो रहा है, बल्कि पहाड़ियों का पर्यावरणीय संतुलन भी बिगड़ रहा है। वन विभाग के पास स्टाफ और संसाधनों की कमी के कारण ऐसी गतिविधियों पर पूर्ण नियंत्रण नहीं हो पाता। इससे पहले भी यहां अवैध खनन रोकने के प्रयासों में वनकर्मियों पर हमले या धमकियां मिलने की शिकायतें सामने आ चुकी हैं।