राजस्थान में मौसम का कहर: आंधी-बारिश के बीच कई मौतें, 80Km की रफ्तार से चली हवा अब और खतरनाक अलर्ट जारी!
कहीं आंधी ने ली जान, कहीं मकान ढहा… अब 7 जिलों में ऑरेंज अलर्ट, क्या और बढ़ेगा खतरा?
राजस्थान में इन दिनों मौसम ने अचानक करवट ले ली है। भीषण गर्मी के बीच अब आंधी-बारिश का दौर शुरू हो गया है, जिसने जहां लोगों को गर्मी से राहत दी है, वहीं कई जगह जानलेवा साबित हुआ है। राजधानी जयपुर समेत कई जिलों में तेज हवाओं, धूलभरी आंधी और बारिश ने जनजीवन को प्रभावित किया है।
मौसम विभाग ने आज भी 11 जिलों में यलो अलर्ट जारी किया है, जबकि 4 मई को 7 जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट घोषित किया गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि अगले तीन दिनों तक यह मौसम बना रह सकता है।
आंधी-तूफान बना जानलेवा
शनिवार को राज्य के कई जिलों में आए अंधड़ और बारिश के कारण दर्दनाक हादसे हुए—
- जयपुर में जयसिंहपुरा खोर इलाके में हाईटेंशन लाइन टूट गई, जिसकी चपेट में आकर एक युवक की दर्दनाक मौत हो गई।
- टोंक जिले में पेड़ गिरने से एक बुजुर्ग की जान चली गई।
- अजमेर में तेज हवा के कारण एक मकान ढह गया, जिसमें महिला की मौत और उसका पति घायल हो गया।
- दौसा में आंधी के दौरान कच्चे घर में आग लग गई, जिससे 18 बकरियां जल गईं और 4 लोग झुलस गए।
इन घटनाओं ने साफ कर दिया कि बदलता मौसम कितना खतरनाक रूप ले सकता है।
80 Km/h की रफ्तार से चली हवा
जयपुर में शनिवार को आए अंधड़ के दौरान हवाओं की रफ्तार करीब 80 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई। तेज हवा और बारिश के चलते तापमान में भी गिरावट आई और लोगों को गर्मी से राहत मिली।
एक तरफ आंधी, दूसरी तरफ भीषण गर्मी
राज्य में मौसम का दोहरा रूप देखने को मिल रहा है। जहां कुछ जिलों में बारिश और ठंडी हवाएं चल रही हैं, वहीं पश्चिमी राजस्थान में गर्मी का कहर जारी है।
- जैसलमेर: 44.4°C
- फलोदी: 44.4°C
- बाड़मेर: 44.3°C
इन इलाकों में अभी भी लू जैसे हालात बने हुए हैं।
इन जिलों में बदला मौसम
शनिवार को बीकानेर, चूरू, सीकर, अलवर और अजमेर सहित कई जिलों में धूलभरी आंधी और हल्की बारिश हुई। इससे पहले इन इलाकों में तापमान 40 डिग्री से ऊपर था।
अब आगे क्या?
मौसम विभाग के अनुसार, वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर 4 मई को सबसे ज्यादा देखने को मिलेगा।
- कई जिलों में 70 Km/h तक तेज हवाएं चल सकती हैं
- अगले एक सप्ताह तक हीटवेव से राहत मिलने की संभावना है
सावधानी जरूरी
- तेज हवा के दौरान खुले में न निकलें
- पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें
- कच्चे मकानों में अतिरिक्त सावधानी बरतें
निष्कर्ष:
राजस्थान में मौसम का यह बदलता मिजाज राहत और खतरे दोनों लेकर आया है। जहां एक तरफ गर्मी से राहत मिली है, वहीं दूसरी तरफ आंधी-तूफान ने कई परिवारों को दुख में डाल दिया है। आने वाले दिनों में हालात और गंभीर हो सकते हैं, इसलिए सतर्क रहना बेहद जरूरी है।