बारिश बनी किसानों की मुसीबत! राजस्थान में लगातार बरसात से भारी नुकसान...
राजस्थान में वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के सक्रिय होने से लगातार दूसरे दिन भी बारिश का दौर जारी है। कई जिलों में तेज हवा और ओलावृष्टि की चेतावनी के साथ येलो और ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। जैसलमेर, बीकानेर और अन्य इलाकों में बारिश से फसलों को भारी नुकसान हुआ है, जबकि तापमान में भी 2 से 9 डिग्री तक गिरावट दर्ज की गई है। मौसम का असर 20 मार्च तक बने रहने की संभावना है।
राजस्थान में मौसम ने अचानक करवट ले ली है। वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के सक्रिय होने के कारण प्रदेश के कई हिस्सों में लगातार दूसरे दिन भी बारिश का दौर जारी है। खासतौर पर पश्चिमी और उत्तरी जिलों में तेज हवाओं के साथ हुई बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है।
बीकानेर, जालोर, जैसलमेर और बाड़मेर जैसे इलाकों में सुबह से रुक-रुक कर बारिश हो रही है, वहीं कुछ जगहों पर तेज हवा के साथ बूंदाबांदी दर्ज की गई। इस बदलते मौसम का सबसे ज्यादा असर खेती पर पड़ा है, जहां खड़ी और कटी हुई फसलें दोनों ही खराब हो गई हैं।
फसलों को भारी नुकसान
जैसलमेर जिले में तड़के सुबह हुई बारिश ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया। रामगढ़ क्षेत्र सहित कई ग्रामीण इलाकों में खेतों में खड़ी और कटाई के बाद रखी फसलें भीगकर खराब हो गईं। स्थानीय किसानों के अनुसार, इस बारिश से गेहूं, चना और सरसों जैसी फसलों को नुकसान हुआ है।
प्रदेशभर में अलर्ट
मौसम विभाग ने गुरुवार को राजस्थान के अधिकांश हिस्सों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। वहीं 9 जिलों में ऑरेंज अलर्ट लागू किया गया है, जहां तेज बारिश और ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है। डूंगरपुर और बांसवाड़ा को छोड़कर लगभग पूरे प्रदेश में मौसम खराब रहने का अनुमान है।
जयपुर सहित कई शहरों में बादल छाए
जयपुर में लगातार दूसरे दिन सुबह से आसमान में बादल छाए हुए हैं। राजधानी और आसपास के इलाकों में ठंडी हवाओं के साथ मौसम में बदलाव साफ महसूस किया जा रहा है। पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी का असर भी मैदानी इलाकों तक पहुंच रहा है।
तापमान में बड़ी गिरावट
बारिश और बादलों के कारण प्रदेश के तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है।
जैसलमेर: 25.4°C (सामान्य से करीब 9°C कम)
श्रीगंगानगर: 23.7°C (लगभग 7.8°C कम)
बीकानेर: 27.9°C (करीब 6°C कम)
सीकर में ओलावृष्टि के कारण ठंड का असर और बढ़ गया, जिससे लोगों को हल्की सर्दी का अहसास हुआ।
कब तक रहेगा असर?
मौसम विभाग के अनुसार, इस नए सिस्टम का प्रभाव 20 मार्च तक बना रह सकता है। इस दौरान कई जिलों में बारिश, तेज हवाएं और ओले गिरने की संभावना बनी हुई है।
राजस्थान में बदले मौसम ने जहां लोगों को गर्मी से राहत दी है, वहीं किसानों के लिए यह मुसीबत बन गया है। आने वाले दो दिन और महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं, ऐसे में प्रशासन और किसानों दोनों को सतर्क रहने की जरूरत है।