पिता-पुत्री पर फायरिंग का आरोपी भाजपा नेता प्रभात कश्यप गिरफ्तार: जमीन हड़पने, फर्जी फाइलों से लोन, चेक बाउंस और धोखाधड़ी के गंभीर आरोप; पीड़ितों ने खोली पोल, भू-माफिया गिरोह का खुलासा

कोटा के उद्योग नगर में भाजपा नेता प्रभात कश्यप ने रिश्तेदारों के साथ मिलकर एक घर में घुसकर फायरिंग, धारदार हथियारों से हमला और मारपीट की, जिसमें पिता-पुत्री गंभीर रूप से घायल हुए। गिरफ्तारी के बाद उसके खिलाफ जमीन हड़पने, फर्जी फाइलों से बैंक लोन उठाने, चेक बाउंस और भू-माफिया गिरोह चलाने के कई गंभीर आरोप सामने आए हैं। पीड़ितों ने पुराने धोखाधड़ी के मामले भी खोले, जिसमें पुलिस कनेक्शन और जबरन कब्जे की शिकायतें शामिल हैं। पुलिस जांच जारी है।

Mar 4, 2026 - 13:19
पिता-पुत्री पर फायरिंग का आरोपी भाजपा नेता प्रभात कश्यप गिरफ्तार: जमीन हड़पने, फर्जी फाइलों से लोन, चेक बाउंस और धोखाधड़ी के गंभीर आरोप; पीड़ितों ने खोली पोल, भू-माफिया गिरोह का खुलासा

कोटा, 4 मार्च 2026: राजस्थान के कोटा शहर में एक सनसनीखेज घटना ने राजनीतिक और अपराध जगत को हिला कर रख दिया है। उद्योग नगर थाना क्षेत्र के शिवसागर इलाके में देर रात भाजपा नेता प्रभात कश्यप ने अपने रिश्तेदारों और साथियों के साथ मिलकर एक घर में घुसकर फायरिंग, धारदार हथियारों से हमला और मारपीट की। इस हमले में पिता और पुत्री गंभीर रूप से घायल हो गए। पीड़ित परिवार की शिकायत पर पुलिस ने प्रभात कश्यप को गिरफ्तार कर लिया है।

घटना की शुरुआत तब हुई जब प्रभात कश्यप के रिश्तेदार रवि कश्यप ने पहले सड़क पर पीड़ित की बहन से बदतमीजी की। विरोध करने पर गाली-गलौज और धमकी दी गई। इसके बाद रात करीब 11:30 बजे प्रभात कश्यप, रवि कश्यप, उनके अन्य रिश्तेदार और साथी हथियारों से लैस होकर पीड़ित के घर पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने गेट तोड़कर घर में घुसकर कार और मोटरसाइकिल में तोड़फोड़ की, छत पर खड़े लोगों पर 2-3 फायर किए (जिनमें से एक गोली रेलिंग में लगी), सरियों, लाठियों और धारदार हथियारों से हमला किया। पिता हरिप्रसाद गोचर और उनकी पुत्री बुरी तरह घायल हुए।

उद्योग नगर थाने में मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस ने प्रभात कश्यप और उसके साले प्रिंस को हिरासत में लिया और बाद में गिरफ्तार कर लिया। जांच में चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं। प्रभात कश्यप खुद को भाजपा नेता, राजनीतिक कार्यकर्ता और प्रॉपर्टी डीलर बताता था, लेकिन उसके खिलाफ जमीन हड़पने और धोखाधड़ी के कई मामले सामने आए हैं।

भू-माफिया गिरोह चलाने का आरोप

स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रभात कश्यप ने बदमाशों की एक टीम बना रखी थी, जो कीमती जमीनों और मकानों पर जबरन कब्जा करती थी। लोगों को डरा-धमकाकर भगाती थी। उस पर प्लॉटों की डबल फाइल बनाकर बेचने, फर्जी दस्तावेज तैयार कर बैंक से लोन उठाने और किश्तें न चुकाने के आरोप हैं। लोन डिफॉल्ट होने पर बैंक असली मालिकों के घरों पर सरफेसी एक्ट के तहत नोटिस चस्पा करता था, जिससे कई परिवार परेशान हुए।

एक महिला पीड़िता का दर्द

कोटा की एक महिला ने आरोप लगाया कि राजेन्द्र सिंह, ईश्वर लाल सैनी, प्रभात कश्यप, अर्चना कश्यप और टाइगर फाइनेंस प्रा. लि. (अडानी हाउसिंग फाइनेंस) के मैनेजर ने साजिश रचकर उसके प्लॉट बी-31 को गलत खसरा नंबर दिखाकर प्रभात के नाम रजिस्ट्री करा ली और उस पर लोन उठा लिया। बाद में नोटिस आने पर मामला सामने आया। पीड़िता ने एसपी ऑफिस में शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। उसने दिसंबर 2025 में केस दर्ज करवाया।

चेक बाउंस और धमकी का मामला

एक अन्य पीड़ित रवि ने बताया कि प्रभात ने खुद को भाजपा नेता बताकर उसका प्लॉट खरीदा। दो लाख रुपये नकद दिए और बाकी के चेक जारी किए, जो बाउंस हो गए। पैसे मांगने पर धमकी दी और प्लॉट पर कब्जा कर निर्माण शुरू कर दिया। शिकायत करने पर पुलिस अधिकारियों से संपर्क होने का दावा कर दबाव बनाया। बाकी रुपये अब तक नहीं लौटाए गए। यह घटना 1 जनवरी 2020 की है।

पुराने विवाद और पुलिस कनेक्शन

पीड़ित परिवार का आरोप है कि प्रभात ने शिवसागर इलाके में पहले एक बुजुर्ग के मकान पर कब्जा कर मारपीट की और उसे भगा दिया। जवाहर नगर थाने के हिस्ट्रीशीटर कमल चौका के साथ मिलकर काम करता था। पुलिस से दोस्ती का फायदा उठाकर कार्रवाई नहीं होने दी जाती थी। जांच में नया मोड़ आया है कि प्रभात ने खुद पर फायरिंग करवाई और खुद को पीड़ित दिखाने की कोशिश की।एडिशनल एसपी दिलीप सैनी ने बताया कि जांच जारी है और नए मामले दर्ज किए जा रहे हैं। प्रभात कश्यप के खिलाफ लूट, मारपीट, धोखाधड़ी और जमीन हड़पने के कई प्रकरण कोटा के विभिन्न थानों में दर्ज हैं।

Mohit Parihar Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.