जिस पोते को गोद में खिलाया… वही बना कातिल—जैसलमेर डबल मर्डर का ऐसा राज़ खुला कि पुलिस भी रह गई हैरान
जैसलमेर डबल मर्डर में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है, जहां पोते ने ही दादा-दादी की हत्या कर दी।
जैसलमेर जिले के मोहनगढ़ थाना क्षेत्र में हुए बुजुर्ग दंपती हत्याकांड ने पूरे इलाके को हिला दिया है। इस डबल मर्डर की गुत्थी पुलिस ने महज छह घंटे में सुलझा ली और जो सच सामने आया उसने सभी को चौंका दिया।
80 वर्षीय लाखाराम और उनकी 78 वर्षीय पत्नी रेशमा की हत्या उनके ही घर में की गई थी। शुरुआती जांच में यह मामला लूट के बाद हत्या का लग रहा था, क्योंकि घर से सोने-चांदी के जेवरात गायब मिले थे।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक अभिषेक शिवहरे मौके पर पहुंचे और तुरंत कई टीमें गठित की गईं। एफएसएल, डॉग स्क्वॉड और तकनीकी टीमों की मदद से साक्ष्य जुटाए गए और जांच को तेज किया गया।
कैसे खुला राज
जांच के दौरान पुलिस को तकनीकी और खुफिया इनपुट मिले, जिसके आधार पर आरोपियों तक पहुंच बनाई गई। कुछ ही घंटों में पुलिस ने दो संदिग्धों को हिरासत में लिया।
चौंकाने वाला खुलासा
गिरफ्तार आरोपियों में सुरेश (19) और योगेश (24) शामिल हैं। हैरानी की बात यह है कि सुरेश मृतक लाखाराम का सगा पोता है। दोनों आरोपियों ने पैसों और जेवरात के लालच में इस वारदात को अंजाम दिया।
वारदात के बाद की हैरानी
पुलिस जांच में सामने आया कि वारदात के बाद दोनों आरोपी जैसलमेर में एक पारिवारिक शादी में भी शामिल हुए, ताकि किसी को उन पर शक न हो।
पुलिस कार्रवाई
दोनों आरोपियों से लगातार पूछताछ की जा रही है और पूरे मामले की गहराई से जांच जारी है। पुलिस का कहना है कि यह एक सुनियोजित लूट और हत्या का मामला है।