बाड़मेर बॉर्डर पर आधी रात को क्या हुआ? 25 करोड़ की उस खेप का सच जिसने पुलिस को भी चौंका दिया!
"बाड़मेर की सरहद पर इस बार हेरोइन नहीं, बल्कि कुछ ऐसा आया जिसने सुरक्षा एजेंसियों के होश उड़ा दिए।
बाड़मेर/राजस्थान: राजस्थान के बाड़मेर जिले में सुरक्षा एजेंसियों को एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। राजस्थान एटीएस (ATS), गुजरात एटीएस और बाड़मेर पुलिस ने एक संयुक्त कार्रवाई करते हुए अंतरराष्ट्रीय सीमा पार से भारत भेजी गई 5 किलो मेथामफेटामाइन (क्रिस्टल ड्रग्स) बरामद की है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस खेप की कीमत लगभग 25 करोड़ रुपये आंकी गई है। पुलिस ने इस मामले में दो तस्करों को गिरफ्तार किया है और एक अन्य संदिग्ध को भारी मशक्कत के बाद डिटेन किया है।
पहली बार इस इलाके में पहुंची सिंथेटिक ड्रग
बाड़मेर एसपी चुनाराम जाट ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि यह पहली बार है जब इस सीमावर्ती इलाके में 'क्रिस्टल ड्रग' (मेथामफेटामाइन) की इतनी बड़ी खेप पकड़ी गई है। अब तक इस रूट से हेरोइन की तस्करी के मामले सामने आते रहे हैं, लेकिन सिंथेटिक ड्रग का आना सुरक्षा एजेंसियों के लिए चिंता का विषय है।
पाकिस्तानी हैंडलर 'मसाद' से जुड़े तार
पुलिस की पूछताछ में गिरफ्तार आरोपी सलमान खान और शंकरलाल ने खुलासा किया कि उन्हें यह ड्रग्स पाकिस्तान के थारपारकर जिले के रहने वाले मसाद नाम के हैंडलर ने मुहैया करवाई थी। पुलिस को आरोपियों के फोन से:
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इंटरनेशनल कॉलिंग के सबूत
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वॉट्सऐप चैटिंग और वीडियो फुटेज
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पाकिस्तान से ड्रग्स रिसीव करने के टेक्निकल एविडेंस मिले हैं।
हाईवे पर फिल्मी अंदाज में हुई घेराबंदी
सोमवार रात नेशनल हाईवे-68 पर गुजरात और राजस्थान एटीएस ने पुलिस के साथ मिलकर नाकाबंदी की थी। एक ईको कार की तलाशी लेने पर उसमें से 5 किलो ड्रग बरामद हुई। गिरफ्तार आरोपियों ने स्वीकार किया है कि वे इस खेप की डिलीवरी गुजरात में करने जा रहे थे। जांच में यह भी सामने आया कि सलमान के बैंक खातों में गुजरात और दिल्ली से संदिग्ध ट्रांजैक्शन हुए हैं।
ग्रामीणों के विरोध के बीच तीसरे आरोपी को किया डिटेन
मंगलवार को जब पुलिस इनपुट के आधार पर तीसरे संदिग्ध रोशन खान को पकड़ने 'खलीफे की बावड़ी' गांव पहुंची, तो ग्रामीणों ने विरोध शुरू कर दिया। पुलिस को गांव में घुसने से रोकने की कोशिश की गई। बाद में समझाइश के बाद रोशन खान को डिटेन किया गया। दिलचस्प बात यह रही कि वह अपनी स्कॉर्पियो में बैठकर थाने पहुंचा, जिसके आगे-पीछे पुलिस की गाड़ियां सुरक्षा घेरे में चलती रहीं।
लोकल कनेक्शन पर पुलिस की पैनी नजर
एसपी ने बताया कि पकड़े गए आरोपी पहले भी कई बार ड्रग्स की सप्लाई कर चुके हैं। फिलहाल पुलिस उनकी 'सप्लाई चैन' और लोकल संपर्कों को खंगाल रही है ताकि इस पूरे नेक्सस का पर्दाफाश किया जा सके।