लव मैरिज ने बदली किस्मत, घर की बहू नैना बनी गांव की सरपंच
करौली जिले के गुड़ला गांव में चुनावी समीकरणों ने दिलचस्प मोड़ लिया। लव मैरिज कर घर आई एसटी समाज की बहू नैना को गुर्जर बहुल गांव ने सरपंच चुन लिया है। नैना ने 2470 वोटों से बंपर जीत दर्ज की।
राजस्थान में चल रहे पंचायती राज चुनावों के बीच करौली जिले के गुड़ला गांव से एक बेहद सकारात्मक और दिलचस्प मामला सामने आया है। यहां चुनावी समीकरणों के बीच 'लव मैरिज' ने एक नया इतिहास रच दिया है। जो नई नवेली दुल्हन घर संभालने के लिए आई थी, अब वह पूरे गांव की जिम्मेदारी संभालेगी।
गुर्जर बहुल गांव और एसटी आरक्षण का संयोग
करौली का गुड़ला गांव गुर्जर बहुल माना जाता है, जहां इस समाज की आबादी 90 फीसदी से ज्यादा है। हाल ही में गांव के रहने वाले युवक राहुल गुर्जर ने एसटी समाज से ताल्लुक रखने वाली अपनी प्रेमिका नैना से प्रेम विवाह (लव मैरिज) किया था। इसी बीच जब पंचायत चुनाव का बिगुल बजा, तो गुड़ला ग्राम पंचायत में सरपंच की सीट एसटी महिला (ST Woman) के लिए आरक्षित हो गई।
पंचायत का फैसला और नैना की चुनावी एंट्री
सीट एसटी महिला के लिए रिजर्व होने के बाद गुर्जर समाज ने एक अहम बैठक की। इस पंचायत में सर्वसम्मति से फैसला लिया गया कि नई दुल्हन नैना को ही सरपंच पद के लिए चुनावी मैदान में उतारा जाए। समाज के इस फैसले ने पूरे चुनाव का रुख ही बदल दिया।
2470 वोटों की शानदार जीत
गांव वालों का यह दांव पूरी तरह सफल रहा। चुनावी नतीजों में नैना ने अपने प्रतिद्वंदियों को पछाड़ते हुए 2470 वोटों के भारी अंतर से शानदार जीत हासिल की और सरपंच बनने का कीर्तिमान रच दिया। इस ऐतिहासिक जीत के बाद दोनों पक्षों और पूरे गांव में खुशी का माहौल है। यह चुनाव न सिर्फ एक लव मैरिज की सफलता की कहानी है, बल्कि सामाजिक समरसता की भी एक बेहतरीन मिसाल बन गया है।