मेयर चुनाव में गुटबाजी ने बढ़ाई धड़कनें, पार्षदों को भेजा गया अज्ञातवास!

राजस्थान के जयपुर, जोधपुर और कोटा नगर निगमों में मेयर पद के लिए नामांकन का आज अंतिम दिन है। बीजेपी ने क्रॉस-वोटिंग के डर से अपने पार्षदों की बाड़ाबंदी की है। जानें जोधपुर, कोटा और जयपुर के मेयर चुनाव का पूरा सियासी समीकरण।

yashaswani
yashaswani Verified Public Figure • 17 Aug, 2026 Sub Editor
September 19, 2026 • 11:31 AM  165
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मेयर चुनाव में गुटबाजी ने बढ़ाई धड़कनें, पार्षदों को भेजा गया अज्ञातवास!
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मेयर चुनाव में गुटबाजी ने बढ़ाई धड़कनें, पार्षदों को भेजा गया अज्ञातवास!

राजस्थान के तीन प्रमुख नगर निगमों (जयपुर, जोधपुर और कोटा) में मेयर और सुकेत नगर पालिका में चेयरमैन पद के चुनाव के लिए आज नामांकन का अंतिम दिन है। बीजेपी ने जोधपुर से प्रसन्न चंद मेहता पर दांव खेला है, जबकि कोटा में कांग्रेस ने सुनीता सुमन को अपना उम्मीदवार घोषित किया है। क्रॉस वोटिंग और बगावत के डर से बीजेपी ने अपने पार्षदों को होटल और रिसॉर्ट्स में शिफ्ट कर दिया है।

राजस्थान के जयपुर, जोधपुर और कोटा नगर निगमों में मेयर पद के लिए राजनीतिक सरगर्मियां अपने चरम पर हैं। आज नामांकन का आखिरी दिन है और सत्ताधारी भाजपा तीनों निगमों में अपना बोर्ड बनाने का दावा कर रही है। चुनाव में जीत के बावजूद भाजपा को भीतरघात और बगावत का डर सता रहा है, जिसके चलते पार्टी ने 'रिसॉर्ट पॉलिटिक्स' (बाड़ाबंदी) का सहारा लिया है।

यहां जानिए तीनों बड़े नगर निगमों का पूरा सियासी समीकरण:

7 निर्दलीयों के साथ बीजेपी बहुमत में, प्रसन्न चंद मेहता मेयर प्रत्याशी

जोधपुर नगर निगम में मेयर पद के लिए भाजपा ने आरएसएस (RSS) पृष्ठभूमि वाले दिग्गज नेता प्रसन्न चंद मेहता को अपना प्रत्याशी बनाया है। चुनाव प्रभारी भूपेंद्र सैनी के अनुसार, मेहता आज दोपहर 12:15 बजे अपना नामांकन दाखिल करेंगे।

  • प्रत्याशी का प्रोफाइल: प्रसन्न चंद मेहता संगठन के पुराने और वफादार सिपाही माने जाते हैं। वे जिलाध्यक्ष से लेकर प्रदेश उपाध्यक्ष तक की जिम्मेदारी निभा चुके हैं और असम के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया के बेहद करीबी माने जाते हैं। मेहता ने वार्ड नंबर 82 से कांग्रेस के अरविंद परिहार को 400 वोटों से करारी शिकस्त दी थी।

  • बहुमत का गणित: 100 वार्डों वाले जोधपुर में बहुमत का जादुई आंकड़ा 51 है। चुनाव में भाजपा 45 और कांग्रेस 44 सीटें जीती थीं। लेकिन चुनाव परिणाम के बाद 7 निर्दलीय पार्षदों (4 भाजपा और 3 कांग्रेस के बागी) ने भाजपा का दामन थाम लिया, जिससे पार्टी के पास अब 52 पार्षदों का स्पष्ट बहुमत हो गया है।

  • कांग्रेस की रणनीति: कांग्रेस ने अभी तक अपने पत्ते नहीं खोले हैं। मेयर पद के लिए कांग्रेस में गणपत सिंह चौहान, नरेश जोशी और प्रदीप गांग के नाम चर्चा में हैं। यदि इन पर सहमति नहीं बनती है, तो पूर्व सीएम अशोक गहलोत के करीबी राजेंद्र सोलंकी को 'हाइब्रिड उम्मीदवार' के तौर पर मैदान में उतारा जा सकता है।

बीजेपी में मेयर-डिप्टी मेयर पद पर पेंच फंसा, पार्षद चित्तौड़गढ़ शिफ्ट

कोटा के 100 वार्डों में से 57 पर शानदार जीत दर्ज करने के बावजूद भाजपा में अंदरूनी कलह तेज हो गई है। पार्टी को क्रॉस वोटिंग का डर है, जिसके चलते रातों-रात पार्षदों की बाड़ाबंदी कर उन्हें चित्तौड़गढ़ ले जाया गया। हालांकि, 2 महिलाओं समेत 5 पार्षदों ने पारिवारिक कारणों का हवाला देकर बाड़ाबंदी से दूरी बना ली है।

  • भाजपा में गुटबाजी: कोटा में मेयर और डिप्टी मेयर पद को लेकर क्षेत्रीय खींचतान है। लाडपुरा से 14, दक्षिण से 28, उत्तर से 12 और रामगंजमंडी से 3 भाजपा पार्षद जीते हैं। लाडपुरा विधायक कल्पना देवी ने अपने क्षेत्र से डिप्टी मेयर बनाने की जोरदार मांग रख दी है। वहीं, मेयर पद के लिए वार्ड 57 से सुनीता सेन, वार्ड 64 से प्रतिभा सुमन, वार्ड 84 से प्रमिला वर्मा और वार्ड 83 से सीमा चौधरी के नाम रेस में हैं।

  • कांग्रेस का पलटवार: 39 सीटें जीतने वाली कांग्रेस वॉकओवर देने के मूड में बिल्कुल नहीं है। पार्टी के स्थानीय नेताओं ने विचार-विमर्श के बाद वार्ड 17 से विजयी पार्षद सुनीता सुमन को मेयर पद के लिए अपना इकलौता उम्मीदवार घोषित कर दिया है।

स्पष्ट बहुमत के बावजूद पार्षदों की पुष्कर में बाड़ाबंदी

राजधानी जयपुर के 150 वार्डों में से भाजपा ने 78 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत हासिल किया है, जबकि कांग्रेस 57 और निर्दलीय 15 सीटों पर सिमट गए हैं।

  • मेयर पद की रायशुमारी: अन्य निकायों की तस्वीर साफ होने के बाद शुक्रवार को जयपुर में मेयर प्रत्याशी को लेकर आधिकारिक रायशुमारी की गई। सभी पार्षदों से उनकी पसंद के 3-3 नाम लिखवाए गए हैं। जयपुर में मेयर पद के लिए सुनील कोठारी और पुनीत कर्नावट को सबसे मजबूत दावेदार माना जा रहा है।

  • पुष्कर में डेरा: बहुमत होने के बावजूद जयपुर भाजपा कोई जोखिम नहीं लेना चाहती। रायशुमारी के तुरंत बाद शुक्रवार देर शाम सभी भाजपा पार्षदों को पुष्कर के 'द सूर्या गोल्डन पैलेस होटल' में शिफ्ट कर दिया गया है।

भाजपा ने तीनों नगर निगमों में अपना बोर्ड बनाने की पुख्ता तैयारी कर ली है। बाड़ाबंदी के जरिए पार्टी अपने कुनबे को एकजुट रखने की कोशिश कर रही है। आज शाम तक नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद यह स्पष्ट हो जाएगा कि किस निगम में सीधा मुकाबला है और कहां हाइब्रिड उम्मीदवारों के जरिए राजनीतिक दांव-पेंच खेले जा रहे हैं।

yashaswani Verified Public Figure • 17 Aug, 2026 Sub Editor

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